Site icon Yashbharat.com

International Border Dispute: अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की हत्या के लिए ईरान संसद में ला रहा 50 मिलियन यूरो के ‘इनाम’ का कानून; नेतन्याहू भी निशाने पर, हैकर्स ने जारी किए पैसे

14 07 2024 trump shooting 23758194 112917356 m

International Border Dispute: अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की हत्या के लिए ईरान संसद में ला रहा 50 मिलियन यूरो के ‘इनाम’ का कानून; नेतन्याहू भी निशाने पर, हैकर्स ने जारी किए पैसे। अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा जगत में उस वक्त हड़कंप मच गया जब ईरानी मीडिया के हवाले से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की हत्या की साजिश की खबर सामने आई। ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान की सरकार डोनाल्ड ट्रंप की हत्या करने वाले को 50 मिलियन यूरो (लगभग 450 करोड़ रुपये से अधिक) का इनाम देने के लिए अपनी संसद में एक आधिकारिक प्रस्ताव यानी कानून लाने की तैयारी कर रही है।

कांग्रेस नेता के फार्म हाउस पर चली ‘4 करोड़ की अवैध फैक्ट्री’ में आबकारी ने पेश किया अधूरा चालान; मास्टरमाइंड रणदीप और स्प्रिट सप्लायर ‘गुप्ता’ अब भी पुलिस की पहुंच से दूर

ईरानी संसद में तैयार हुआ ‘काउंटर-एक्शन’ प्लान

‘ईरान वायर’ की रिपोर्ट के अनुसार, ईरानी संसद की सबसे ताकतवर समिति ‘राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति समिति’ के चेयरमैन इब्राहिम अजीजी ने इसका आधिकारिक एलान किया है।

निशाने पर ट्रंप, नेतन्याहू और अमेरिकी सैन्य कमांडर

ईरानी नेता इब्राहिम अजीजी ने साफ कहा कि इस जवाबी कार्रवाई के तहत केवल ट्रंप ही नहीं, बल्कि तीन बड़े चेहरों को निशाना बनाया जाना चाहिए:

  1. डोनाल्ड ट्रंप (अध्यक्ष, अमेरिका)

  2. बेंजामिन नेतन्याहू (प्रधानमंत्री, इजरायल)

  3. यूएस सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के कमांडर

वजह: ईरान का आरोप है कि ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की हत्या (या उन पर हुए हमलों) के पीछे इन्हीं तीनों का मुख्य हाथ था, इसलिए इनसे बदला लिया जाएगा।

‘Kill Trump’ कैंपेन और हैकिंग ग्रुप ‘हंडाला’ की एंट्री

ईरान सरकार के कट्टर समर्थक अली अकबर राएफीपुर के मीडिया आउटलेट ‘मसाफ’ ने दावा किया है कि इस महा-साजिश के लिए ‘किल ट्रंप’ (Kill Trump) नाम का एक वैश्विक कैंपेन शुरू किया गया है, जिसके लिए फंड भी सुरक्षित कर लिया गया है।

इसी बीच, ईरान समर्थित खतरनाक हैकिंग ग्रुप ‘हंडाला’ ने भी एंट्री मारते हुए एक सनसनीखेज बयान जारी किया है। ग्रुप का दावा है कि उन्होंने ट्रंप और इजरायली पीएम नेतन्याहू को खत्म करने के लिए 50 मिलियन डॉलर की रकम अलग से जारी कर दी है। हैकर्स का कहना है कि दुनिया का कोई भी व्यक्ति या अंडरग्राउंड ग्रुप अगर इस कार्रवाई को अंजाम देता है, तो उसे यह रकम पूरी तरह सुरक्षित और एन्क्रिप्टेड (बिना पहचान उजागर किए) डिजिटल चैनलों के जरिए ट्रांसफर कर दी जाएगी।

वैश्विक युद्ध की आशंका बढ़ी

रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि किसी देश की संसद द्वारा महाशक्ति अमेरिका के राष्ट्रपति और इजरायल के प्रधानमंत्री की हत्या के लिए आधिकारिक तौर पर इनाम की घोषणा करना इतिहास की सबसे खतरनाक कूटनीतिक घटनाओं में से एक है। इस खबर के बाद वाशिंगटन और तेल अवीव की खुफिया एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई हैं और पश्चिम एशिया में एक महायुद्ध का खतरा मंडराने लगा है।

Exit mobile version