प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर कटनी भाजपा की नई सूची जारी, 26 मण्डलों में इन प्रभारियों को जिम्मेदारी
कटनी: भाजपा जिलाध्यक्ष ने की 26 संगठनात्मक मंडलों के प्रभारियों की घोषणा, संगठन को मिलेगी नई मजबूती
प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर कटनी भाजपा की नई सूची जारी, 26 मण्डलों में इन प्रभारियों को जिम्मेदारी
कटनी। भारतीय जनता पार्टी जिला कटनी द्वारा संगठन को बूथ और मंडल स्तर पर अधिक सशक्त व सक्रिय बनाने के उद्देश्य से जिले के सभी 26 संगठनात्मक मंडलों के प्रभारियों की आधिकारिक घोषणा कर दी गई है।
यह घोषणा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री हेमंत खंडेलवाल जी के निर्देशों, प्रदेश महामंत्री एवं जबलपुर संभाग संगठन प्रभारी श्री राहुल कोठारी जी की अनुशंसा तथा जिला संगठन प्रभारी श्री सुजीत जैन जी की सहमति से जिलाध्यक्ष श्री दीपक सोनी ‘टंडन’ द्वारा जारी पत्र क्रमांक KTE/26/07 के माध्यम से की गई है।
घोषित किए गए मंडल प्रभारी एवं उनकी सूची
पार्टी द्वारा जारी सूची के अनुसार विभिन्न मंडलों में वरिष्ठ पदाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है:
बढ़वारा: श्री विजय गुप्ता
देवरी हटाई: श्री रवि खरे
विलायतकलां: श्री प्रशांत राय
ढीमरखेड़ा: श्री राजेश ब्यौहार एवं श्री गोविंद सिंह
पान उमरिया: श्री सुरेश राय
सिलौंडी: श्री विजय दुबे
कैमौर: श्री उदयराज सिंह
कांठी: श्री मृदुल द्विवेदी
विजयराघवगढ़: श्री सुरेश सोनी एवं श्रीमती सुनीता दाहिया
सिनगौड़ी: श्री राजेश पटेल
बरही: श्री मनीषदेव मिश्रा
पिपरिया कलां: श्री जयवंत सिंह
खितौली: श्री सतीश तिवारी
मुड़वारा: सुश्री अंकिता तिवारी
पं० दीनदयाल: श्री वागीश आनंद
न्यू कटनी: श्री सुखदेव चौधरी
माधवनगर: श्री मनीष दुबे
कटनी ग्रामीण: श्री रणवीर कर्ण
निवार: श्री रामू साहू
रीठी: श्री आशीष गुप्ता बाबा
देवगांव: श्री संदीप दुबे
बिलहरी: श्री अजय मिश्रा पप्पू
स्लीमनाबाद: श्री सुनील उपाध्याय
बहौरीबंद: श्री चेतन हिंदुजा एवं श्री सतीश नायक
बाकल: श्री ललित जायसवाल
कुआ: श्री कमलेश सेन
संगठन विस्तार और आगामी रणनीति
जिलाध्यक्ष दीपक सोनी ‘टंडन’ ने सभी नवनियुक्त प्रभारियों को बधाई देते हुए निर्देश दिए हैं कि वे तुरंत अपने-अपने मंडलों में प्रवास शुरू करें और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने के साथ संगठन की गतिविधियों को गति दें।
इस घोषणा के बाद जिले के पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह की लहर है, और उम्मीद जताई जा रही है कि इससे आगामी संगठनात्मक अभियानों को धरातल पर बेहतर ढंग से लागू किया जा सकेगा।