शासकीय कन्या महाविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस एवं मिशन लाइफ का आयोजन
शासकीय कन्या महाविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस एवं मिशन लाइफ का आयोज
कटनी -शासकीय कन्या महाविद्यालय में प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात के मार्गदर्शन में अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस का आयोजन 22 मई को प्राणीशास्त्र विभाग,मिशन लाइफ एवं इको क्लब के संयुक्त तत्वाधान में किया गया। कार्यक्रम का मुख्य विषय “वैश्विक प्रभाव के लिए स्थानीय स्तर पर कार्य करना” रहा, जो कुनमिंग-मॉन्ट्रियल वैश्विक जैव विविधता फ्रेमवर्क के 2030 के लक्ष्यों को प्राप्त करने में व्यक्तिगत और सामुदायिक स्थानीय प्रयासों के महत्व पर जोर देता है।
कार्यक्रम की शुरुआत मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन से हुई। प्रभारी प्राचार्य डॉ. विमला मिंज ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जैव विविधता संरक्षण के लिए स्थानीय स्तर पर किए जा रहे प्रयासों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कॉलेज परिसर में पौधरोपण, जल संरक्षण, वेस्ट मैनेजमेंट और पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम नियमित रूप से चलाए जा रहे हैं। उन्होंने छात्राओं को प्रेरित किया कि छोटे-छोटे बदलाव भी बड़े वैश्विक परिणाम ला सकते हैं।
डॉ. रोशनी पाण्डेय ने जैव विविधता के अंतर्गत आने वाली संकटापन्न जंतु प्रजातियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने वन्यजीवों के विलुप्त होने के कारणों, जैसे आवास ह्रास, अवैध शिकार और जलवायु परिवर्तन पर चर्चा की। उन्होंने छात्राओं को समझाया कि हर जीव पर्यावरण की संतुलित व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यदि एक प्रजाति भी विलुप्त होती है तो समूचे पारिस्थितिकी तंत्र पर इसका गहरा प्रभाव पड़ता है। डॉ. रीना मिश्रा ने वनस्पतियों एवं पेड़-पौधों के महत्व पर छात्राओं के साथ सार्थक चर्चा की। उन्होंने बताया कि पौधे न केवल ऑक्सीजन प्रदान करते हैं बल्कि मिट्टी की उर्वरता बनाए रखने, जलवायु नियंत्रण और जीव-जंतुओं के आवास के रूप में भी कार्य करते हैं। उन्होंने स्थानीय स्तर पर पौधों की सुरक्षा और संरक्षण के लिए व्यावहारिक सुझाव भी दिए। डॉ. रश्मि चतुर्वेदी ने लाइफ मिशन के अंतर्गत इको क्लब की जानकारी प्रदान की। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण, जागरूकता और छात्रों की सक्रिय भागीदारी पर जोर दिया। कार्यक्रम की सबसे आकर्षक कड़ी छात्राओं द्वारा तैयार किए गए पोस्टर प्रदर्शनी और स्लोगन प्रतियोगिता रही। छात्राओं ने रंग-बिरंगे पोस्टर्स के माध्यम से जैव विविधता के महत्व, वन्यजीव संरक्षण, वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण के संदेश को प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत किया। स्लोगन जैसे “स्थानीय सोच, वैश्विक पहुंच”, “जैव विविधता बचाओ, जीवन बचाओ” और “एक पेड़ लगाओ, भविष्य बचाओ” ने पूरे सभागार में सकारात्मक ऊर्जा भर दी।
मंच संचालन डॉ. संजयकांत भारद्वाज ने कुशलतापूर्वक किया जबकि आभार डॉ. रीना मिश्रा ने प्रस्तुत किया। इस अवसर पर डॉ. रश्मि चतुर्वेदी, डॉ. सुनील कुमार, डॉ. शिल्पी कुमारी सिंह, पंकज सेन, डॉ. अशुतोष द्विवेदी, डॉ. अशोक शर्मा, भीम बर्मन, श्री प्रेलाल कॉवरे, स्मृति दहायत, आरती वर्मा, मीनाक्षी वर्मा, डॉ. सोनिया कश्यप, सुषमा वर्मा, श्वेता कोरी, डॉ. अपर्णा मिश्रा, प्रियंका सोनी, श्रीमती पूनम गर्ग, डॉ. रंजना वर्मा सहित शिक्षक-शिक्षिकाएं और छात्राएं उपस्थित रहीं।

