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हिन्दी भाषा हमारी पहचान, इसके संरक्षण और संवर्धन की जिम्मेदारी हम सभी की, तिलक महाविद्यालय में हिंदी पखवाडे का आयोजन 

हिन्दी भाषा हमारी पहचान, इसके संरक्षण और संवर्धन की जिम्मेदारी हम सभी की, तिलक महाविद्यालय में हिंदी पखवाडे का आयोजन

कटनी। प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस शासकीय तिलक स्नातकोत्तर महाविद्यालय कटनी में 11 सितंबर को भारतीय ज्ञान परंपरा एवं हिन्दी विभाग के संयुक्त तत्वावधान में हिन्दी पखवाड़े का आयोजन किया गया। कार्यक्रम महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. सुनील कुमार वाजपेई के निर्देशन में आयोजित हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के पूजन, माल्यार्पण एवं वंदना के साथ हुआ। इसके पश्चात अतिथियों का स्वागत किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए हिन्दी विभागाध्यक्ष डॉ. माधुरी गर्ग ने विद्यार्थियों को हिन्दी भाषा के महत्व एवं उपयोगिता से अवगत कराया। उन्होंने भारतेंदु हरिश्चंद्र की प्रसिद्ध पंक्ति— “निज भाषा उन्नति अहै, सब उन्नति को मूल, बिन निज भाषा ज्ञान के मिटत न हिय को शूल” का उल्लेख करते हुए कहा कि अपनी भाषा के प्रति सम्मान और उसका ज्ञान व्यक्ति के सर्वांगीण विकास का आधार है।

इस अवसर पर हिन्दी विभाग की प्राध्यापक डॉ. प्रतिमा त्रिपाठी ने श्याम नारायण पाण्डेय की प्रसिद्ध कृति ‘हल्दीघाटी’ का सस्वर पाठ किया। भूगोल विभाग की सहायक प्राध्यापक सुश्री अंकिता गोस्वामी ने हिन्दी की संवैधानिक स्थिति पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को हिन्दी के संवैधानिक महत्व की जानकारी दी।

डॉ. विजय कुमार ने हिन्दी के राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय परिदृश्य पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि हिन्दी हमारी महत्वपूर्ण भाषाई पहचान है और इसके अध्ययन, लेखन एवं बोलचाल में किसी प्रकार की झिझक नहीं होनी चाहिए। विद्यार्थियों को हिन्दी के प्रति गौरव की भावना के साथ इसके अधिकाधिक प्रयोग के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रम में महाविद्यालय के विद्यार्थियों शुभांशु परौहा, समीर चौधरी, दीपा विश्वकर्मा, नेतराम एवं दुर्गेश सहित अन्य विद्यार्थियों ने भी हिन्दी दिवस के अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए। विद्यार्थियों ने हिन्दी भाषा के महत्व, वर्तमान समय में उसकी उपयोगिता तथा समाज में उसकी भूमिका पर विचार साझा किए।

कार्यक्रम का संचालन एवं आभार प्रदर्शन हिन्दी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. अतुल कुमार ने किया। आयोजन में महाविद्यालय के समस्त शैक्षणिक स्टाफ एवं विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। कार्यक्रम ने विद्यार्थियों में हिन्दी भाषा के प्रति सम्मान, गौरव एवं अपनत्व की भावना को और मजबूत किया।

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