
Bird Flu Alert : देश में बर्ड फ्लू का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। राज्यों में पक्षियों की मौत के मामले सामने आ रहे हैं। बर्ड फ्लू के कारण प्रदेश में 550 पक्षियों की जान जा चुकी है। केरल में करीब 1700 बतखों, मप्र के इंदौर, मंदसौर के बाद अब आगर में भी बर्ड फ्लू के कारण 400 कौओं की मौत हो चुकी है। राजस्थान में करीब आठ दिन से पक्षियों की मौत का सिलसिला जारी है। हरियाणा में एक माह के अंदर ही करीब चार लाख मुर्गियों की मौत हो चुकी है। गुजरात के जूनागढ़ में मंगलवार को भी 53 और हिमाचल में 336 और प्रवासी परिदे मृत मिले हैं। विशेषज्ञ इनकी मौत बर्ड फ्लू के चलते होने की आशंका जता रहे हैं। दोनों ही जगहों पर जांच के लिए पहुंची टीम ने सैंपल ले लिए हैं। मध्य प्रदेश में बर्ड फ्लू (एवियन एंफ्लुएंजा) के वायरस में कोई नया स्ट्रेन (जीन में बदलाव) नहीं मिला है। यह जरूर है कि कौओं में अभी तक बर्ड फ्लू के जिस वायरस की पुष्टि हुई है वह एच5 एन8 है, जबकि मुर्गे-मुर्गिंयों में अभी तक एच5 एन1 वायरस मिलता रहा है। लगातार बढ़ते मामलों को देखते हुए बाद कर्नाटक, तमिलनाडु और जम्मू-कश्मीर ने भी अपने यहां सैंपल लेने शुरू कर दिए हैं।
हरियाणा में पशुपालन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर डा. सुखदेव राठी ने बताया कि बरवाला के पोल्ट्री फार्म्स में हुई मुर्गियों की मौत के असल कारणों का अभी तक पता नहीं लग पाया है। पोल्ट्री फार्म एसोसिएशन के प्रधान दर्शन गर्ग ने कहा कि हमें मुर्गियों के मरने का मुख्य कारण सर्दी लग रहा है। सर्दी के मौसम में अक्सर मुर्गियों की मौत का दर बढ़ होती है, लेकिन फिलहाल सैंपल की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।








