400 साल पुराने रामजानकी मंदिर से अष्टधातु की मूर्तियां चोरी, जांच जारी

भांडेर : 400 साल पुराने रामजानकी मंदिर से अष्टधातु की मूर्तियां चोरी, जांच जारी। चार सौ वर्ष पुराने मार्ग कुटी रामजानकी मंदिर से चोर अष्टधातु की लक्ष्मण जी और मां जानकी की बेशकीमती मूर्तियां चोरी कर ले गए। घटना भांडेर अनुभाग के गाेंदन थाना क्षेत्र के ग्राम भिटारी की है।
फिल्मी स्टाइल में हुई इस घटना को अंजाम देने वाला चोर मंदिर पर लकवे की दवाई लेने के बहाने आया था। जहां रात में उसने गांव के अन्य श्रद्धालुओं के साथ मंदिर पर भजन कीर्तन भी किए। जब गांव के लोग रात में अपने घर लौट गए, तब चोर ने चाय में नशीला पदार्थ मिलाकर महंत सहित मौजूद अन्य लोगों को पिला दिया।
इन सबके बेहोश होते ही उसने मंदिर से अष्टधातु की राम जानकी और लक्ष्मण जी की मूर्तियां चोरी करने के लिए उठाई। लेकिन वह सिर्फ लक्ष्मण और जानकी की मूर्ति ही ले जा सका। राम जी की मूर्ति सिंहासन के पीछे ही कपड़े में लिपटी हुई पुलिस ने बरामद की है। इस दौरान चोर मूर्तियों के साथ मंदिर के एक व्यक्ति की पल्सर बाइक और मोबाइल भी चोरी कर ले गया।
ग्रामीणों ने लगाया जाम
सुबह जब गांव के लोग मंदिर पहुंचे तो वहां महंत सहित अन्य लोग बेहोश पड़े थे और मूर्तियां गायब थी। इस बात की खबर गांव में फैली तो लोग जमा हो गए। जिसके बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी कर इंदरगढ़-भांडेर रोड पर जाम लगा दिया।
घटना की सूचना मिलते ही भांडेर एसडीओपी कर्णिक श्रीवास्तव पुलिस टीम के साथ माैके पर पहुंचे। जहां पुलिस ने छानबीन शुरू की। साथ ही सभी बेहोश मिले लोगों को उपचार के लिए इंदरगढ़ अस्पताल पहुंचाया गया। मौके पर फिंगर प्रिंट एक्टपर्ट और स्नोफर डाग स्काट को बुलाकर सुराग जुटाए गए। साथ ही एसडीओपी ने ग्रामीणों को समझाइश देकर जाम खुलवाया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी प्रदीप शर्मा ने मामले की पड़ताल के लिए पुलिस टीम गठित की है। साथ ही साइबर सेल टीम को भी लगाया गया है।
सीसीटीवी में कैद हुआ चोर का हुलिया
बताया जाता है कि चोरी की इस बड़ी घटना को अंजाम देने वाला व्यक्ति सोमवार सुबह भिटारी बस स्टैंड पर बस से उतरा था। जहां उसने आसपास के लोगों से मंदिर का पता पूछा। उक्त व्यक्ति ने मंदिर पर लकवे की दवाई लेने जाने की बात भी ग्रामीणों से की। इस दौरान चोर का सीसीटीवी फुटेज गांव के बस स्टैंड पर लगे कैमरे में कैद हो गया। जिसे पुलिस ने खंगाल कर चोर के हुलिए की जानकारी जुटा ली है।
इधर ग्रामीणों का कहना था कि गांव के मंदिर पर कोई दवाई या झाड़ फूंक कभी नहीं की जाती। लेकिन उस व्यक्ति से इस तरह की बात सुनकर लोग भी आशंकित थे।








