
रायपुर। कोई भी नया कार्य या व्यवसाय शुरू करने के लिए अथवा स्वर्ण व रजत आभूषण खरीदने के लिए शुभ माने जाने वाला पुष्य नक्षत्र का संयोग इस बार 31 अक्टूबर को पड़ रहा है। इस साल धनतेरस से पूर्व पड़ रहे पुष्य नक्षत्र को इसलिए खास माना जा रहा है क्योंकि 30 बरस बाद बुध पुष्य योग में पुष्य नक्षत्र पड़ रहा है।
इस दिन सप्तमी तिथि के साथ पुष्य नक्षत्र की युति है। साथ ही कई दिनों से अस्त शुक्र तारा का उदय हो रहा है। चूंकि शुक्र को ऐश्वर्य का कारक माना जाता है इसलिए बुधवार के दिन पुष्य नक्षत्र का पड़ना हर तरह की वस्तु खरीदने के लिए शुभ फलदायी साबित होगा। सोना, चांदी, इलेक्ट्रॉनिक्स, फर्नीचर समेत रसोई घर में इस्तेमाल की जाने वाली वस्तुएं खरीदने से परिवार में सुख-समृद्धि बढ़ेगी।
धातुओं के अलावा जमीन-मकान में करें निवेश
बुध पुष्य नक्षत्र पर सोना, चांदी, तांबा जैसी धातुओं की खरीदारी करने से सुख-समृद्धि व वैभव में वृद्धि होगी। साथ ही जमीन, मकान में निवेश करना लाभदायी साबित होगा। इनके अलावा वाहन, फर्नीचर, ज्वेलरी, इलेक्ट्रॉनिक्स व अन्य घरेलू सामान की खरीदारी करना भी अति शुभ फलदायी होगा।
गुरु प्रधान मीन लग्न
31 अक्टूबर को सायंकाल गुरु प्रधान मीन लग्न पड़ रहा है। शाम 6.20 से 8.30 बजे तक स्थिर प्रकृति का वृषभ लग्न पड़ रहा है जोकि खरीदारी के लिए श्रेष्ठ है।
सभी राशि वालों के लिए खरीदी शुभ फलदायी
बुध पुष्य नक्षत्र सभी राशि वालों के लिए सुख-समृद्धि लेकर आएगा। कोई भी राशि वाला व्यक्ति अपनी सुविधानुसार सभी तरह की धातुएं खरीद सकता है। यदि किसी को आर्थिक परेशानी है तो वह अंश मात्र को ही सही सोना, चांदी की खरीदी अवश्य करे तो आने वाला समय उसके लिए शुभकारी साबित होगा।
- 27 नक्षत्रों में सबसे सर्वश्रेष्ठ पुष्य नक्षत्र को माना जाता है। इसे नक्षत्रों का राजा भी कहा जाता है। वर्तमान में गोचर में शुक्र तुला राशि में स्वग्रही है जो कि अत्यंत लाभदायक है। इसी दिन साध्य योग भी है। बुधवार के दिन पुष्य नक्षत्र का संयोग बने तो यह घर-परिवार के लिए खरीदी जाने वाली हर वस्तु के लिए शुभदायी होता है। बुध पुष्य नक्षत्र में खरीदी करना लाभदायी व अक्षय कारक है, इससे परिवार में समृद्धि बढ़ेगी। – ‘ज्योतिषाचार्य, डॉ.दत्तात्रेय होस्केरे’








