Wednesday, April 8, 2026
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राजस्थान Updates:राज्य कैबिनेट की बैठक खत्म, राज्यपाल-सीएम गहलोत में तनातनी बढ़ी

जयपुर। राजस्थान में सियासी घमासान पर राजस्थान उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को सचिन पायलट गुट को राहत देते हुए स्पीकर के नोटिस पर फिलहाल के लिए स्टे लगाते हुए यथास्थिति को बरकरार रखने के निर्देश दिए हैं। दूसरी तरफ मुख्यमंत्री ने राज्यपाल पर आरोप लगाया कि वे उन्हें सोमवार को विधानसभा का सत्र बुलाने की इजाजत नहीं दे रहे हैं। इसके बाद वे अपने समर्थक विधायकों के साथ धरना के लिए राजभवन पहुंचे। धरना खत्म होने के बाद सीएम अशोक गहलोत ने 9:30 बजे राज्य कैबिनेट की बैठक बुलाई, जो अब खत्म हो गई है।

राज्य कैबिनेट की बैठक खत्म
राज्य विधानसभा सत्र बुलाने को लेकर आयोजित कैबिनेट की बैठक खत्म हो गई है।

10:08 PM, 24-JUL-2020
23 जुलाई की रात को राज्य सरकार ने शॉर्ट नोटिस पर विधानसभा का सत्र बुलाने के लिए एक पेपर प्रस्तुत किया था। पेपर का विश्लेषण किया गया और कानूनी विशेषज्ञों से इस पर सलाह ली गई थी। शॉर्ट नोटिस पर सत्र आयोजित करने का कोई औचित्य नहीं है और न ही इसके लिए कोई एजेंडा प्रस्तावित किया गया है। सामान्य प्रक्रियाओं के अनुसार सत्र के लिए 21 दिन के नोटिस की आवश्यकता होती है। राज्य सरकार को सभी विधायकों की स्वतंत्रता सुनिश्चित करनी चाहिए: राजस्थान के राज्यपाल सचिवालय

09:37 PM, 24-JUL-2020
यदि आप और आपका गृह मंत्रालय राज्यपाल की रक्षा नहीं कर सकता तो राज्य में कानून-व्यवस्था का क्या होगा?

राजस्थान के राज्यपाल कलराज मिश्र ने पत्र लिखकर सीएम अशोक गहलोत से कहा, ‘इससे पहले कि मैं विधानसभा सत्र के संबंध में विशेषज्ञों से चर्चा करता, आपने सार्वजनिक रूप से कहा कि यदि राजभवन घेराव होता है तो यह आपकी जिम्मेदारी नहीं है। यदि आप और आपका गृह मंत्रालय राज्यपाल की रक्षा नहीं कर सकता तो राज्य में कानून-व्यवस्था का क्या होगा? राज्यपाल की सुरक्षा के लिए किस एजेंसी से संपर्क किया जाना चाहिए? मैंने कभी किसी सीएम का ऐसा बयान नहीं सुना। क्या यह एक गलत प्रवृत्ति की शुरुआत नहीं है, जहां विधायक राजभवन में विरोध प्रदर्शन करते हैं?
09:31 PM, 24-JUL-2020
भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा है कि अशोक गहलोत राजस्थान में जिस प्रकार से पॉलिटिसाइज ब्यूरोक्रेसी, भ्रष्टाचार और बदले के भाव के साथ काम कर रहे हैं, उसका खुलासा आज मीडिया ने किया है। एसओजी को जो हेड कर रहे थे अनिल पालिवाल, उनकी धर्मपत्नी और उनके परिवार का व्यापारिक संबंध अशोक गहलोत जी के परिवार के साथ है। जिस फेयरमॉन्ट होटल में कांग्रेस के विधायक रखे गए थे उसकी प्रमोटर अनिल पालीवाल जी की धर्मपत्नी है। वैभव गहलोत (अशोक गहलोत के बेटे) भी इस होटल से जुड़े हैं।

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम