
नई दिल्ली। आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य का दर्जा नहीं मिलने से नाराज चल रही चंद्रबाबू नायडू की तेलगू देशम पार्टी (TDP) ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) से नाता तोड़ लिया है. टीडीपी ने एनडीए से समर्थन वापस लेने के बाद केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार के खिलाफ अलग से अविश्वास प्रस्ताव लाने जा रही है.
इससे पहले वाईएसआर कांग्रेस ने मोदी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने की बात कही थी और सभी विपक्षी पार्टियों को पत्र लिखकर उनका समर्थन मांगा था. वहीं कांग्रेस ने वाईएसआर कांग्रेस के अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन करने का ऐलान किया है.
सदन में अविश्वास प्रस्ताव के लिए किसी भी पार्टी को कम से कम 50 सदस्यों के समर्थन की जरूरत होती है, ऐसे में लोकसभा में 9 सदस्य वाईएसआरसी को मिले कांग्रेस के समर्थन के आश्वासन ने इस प्रस्ताव की राह आसान कर दी है.

कांग्रेस नेता रेणुका चौधरी ने कहा कि आंध्र प्रदेश के लोगों से किया हमारा वादा हम निभाते रहेंगे. सरकार हमारे इस अधिकार को हमसे छीन नहीं सकती. हम सिद्धांतो की लड़ाई लड़ रहे हैं. बीजेपी बेनकाब हो गई है.
कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, शुरू से हम आंध्र के विशेष राज्य के दर्जे की मांग का समर्थन कर रहे हैं. हम चाहते हैं कि आंध्र के लोगों को इंसाफ मिले. जब संसद में अविश्वास प्रस्ताव लाया जाएगा, तब सरकार की नाकामियों पर बात की जाएगी. हम इसके लिए कई पार्टियों से बात कर रहे हैं.
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एमआईएम प्रमुख असद्दुद्दीन ओवैसी ने कहा कि पार्टी अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन करेगी क्योंकि बीजेपी ने राज्य पुनर्गठन ऐक्ट को ठीक से लागू नहीं किया और युवाओं को रोज़गार देने का अपना वादा पूरा नहीं कर पाई. इसके अलावा बीजेपी ने महिलाओं, मुसलमानों और अल्पसंख्यकों के साथ अन्याय किया है.
सीपीएम ने भी बीजेपी के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन किया. सीताराम येचुरी ने कहा कि आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य का दर्जा दिए जाने की वादाखिलाफी को माफ नहीं किया जा सकता.
टीडीपी-बीजेपी गठबंधन टूटने पर बीजेपी नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि देखते हैं संसद में क्या होता है, कौन सी पार्टी किसका समर्थन करती है? यह चुनाव का वर्ष है और हर राज्य की अपनी मांग और मु्द्दे हैं. इस पर किसी तरह की टिप्पणी करना हमारे लिए ठीक नहीं है. यह एक परंपरा बन चुकी है कि वास्तविक चुनाव के पहले संसद में हमेशा इस तरह का रिहर्सल होता है.
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ममता बनर्जी ने टीडीपी के इस फैसले का स्वागत किया और कहा कि देश को आपदा से बचाने के लिए ये ज़रूरी है. मैं सभी विपक्षी दलों से अपील करती हूं कि सभी लोग साथ आएं ताकि देश को आर्थिक आपदा व राजनीतिक अस्थिरता से बचाया जा सके.
वाईएसआर कांग्रेस के अविश्वास प्रस्ताव का समर्थन कांग्रेस पार्टी भी करेगी. शुक्रवार को इस फैसले की खबर आई. वाईएसआर कांग्रेस के नोटिस को टीडीपी ने समर्थन देने का फैसला पहले ही कर लिया है. कांग्रेस के इस फैसले की जानकारी आंध्र कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एन रघुवीरा रेड्डी ने दी.









