Friday, May 15, 2026
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व्यापमं स्कैम के आरोपित कांस्टेबल थानों में ड्यूटी कर रहे, एसटीएफ के नोटिस से सामने आई सच्चाई

व्यापमं स्कैम के आरोपित कांस्टेबल थानों में ड्यूटी कर रहे, एसटीएफ के नोटिस से सामने सच्चाई आई है मध्य प्रदेश के बहुचर्चित व्यापमं घोटाले के आरोपित आरक्षक थानों में ड्यूटी कर रहे हैं। ग्वालियर के दो थानों की पोल तो तब खुल गई जब एसटीएफ की इंदौर इकाई का नोटिस आया। इसमें एक आरक्षक को धारा 41 के तहत हाजिर होने के लिए नोटिस जारी किया गया था।

तब सामने आया कि वह व्यापमं कांड में आरोपित है और उसने रुपये बतौर साल्वर किसी दूसरे अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा देकर उसे परीक्षा उत्तीर्ण करवाई थी। जिस अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा दी थी, वह भी ग्वालियर में ही पदस्थ है।

दूसरे की जगह दी परीक्षा

जब यह गड़बड़झाला खुला तो आनन-फानन में एक आरक्षक को लाइन हाजिर कर दिया गया। ग्वालियर थाने में पदस्थ आरक्षक प्रदीप जादौन व्यापमं कांड में आरोपित है। उसने आरक्षक देवेश पचौरी के स्थान पर 2012 में व्यापमं द्वारा आयोजित आरक्षक भर्ती लिखित परीक्षा दी थी। इसमें उत्तीर्ण होकर देवेश ने नौकरी भी हासिल कर ली। देवेश अभी जनकगंज थाने में पदस्थ है, जबकि प्रदीप ग्वालियर थाने में पदस्थ है।

पोल खुली तो लाइन अटैच कर दिया

प्रदीप जादौन को दो दिन में हाजिर होने के लिए एसटीएफ की इंदौर इकाई से धारा 41 का नोटिस आया। इसके बाद पोल खुली तो अधिकारियों ने अपना पल्ला झाड़ते हुए उसे लाइन रवानगी दे दी। गुरुवार शाम को ही उसे लाइन रवाना कर दिया गया।

पुलिसकर्मियों में मची खलबली

इसके बाद देवेश के बारे में पता किया गया तो वह जनकगंज थाने में पदस्थ है। उसे इस मामले में अग्रिम जमानत जरूर मिल गई है, लेकिन अब भी व्यापमं कांड का आरोपित है। शुक्रवार को जब देवेश के बारे में पता लगा तो थाना प्रभारी से लेकर अन्य पुलिसकर्मियों में खलबली मच गई।

जब यह गड़बड़झाला खुला तो आनन-फानन में एक आरक्षक को लाइन हाजिर कर दिया गया। ग्वालियर थाने में पदस्थ आरक्षक प्रदीप जादौन व्यापमं कांड में आरोपित है। उसने आरक्षक देवेश पचौरी के स्थान पर 2012 में व्यापमं द्वारा आयोजित आरक्षक भर्ती लिखित परीक्षा दी थी। इसमें उत्तीर्ण होकर देवेश ने नौकरी भी हासिल कर ली। देवेश अभी जनकगंज थाने में पदस्थ है, जबकि प्रदीप ग्वालियर थाने में पदस्थ है।

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम