Monday, May 4, 2026
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shakti dubey: प्रयागराज की बेटी शक्ति दुबे ने रचा इतिहास, UPSC में हासिल की पहली रैंक

shakti dubey: प्रयागराज की बेटी शक्ति दुबे ने रचा इतिहास, UPSC में हासिल की पहली रैंक, प्रयागराज की शक्ति दुबे ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सिविल सेवा परीक्षा 2024 में पहला स्थान हासिल किया है. संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) ने आज मंगलवार को सिविल सेवा परीक्षा 2024 का परिणाम घोषित किया. शक्ति के बाद हर्षिता गोयल दूसरे स्थान पर रहीं.

shakti dubey: प्रयागराज की बेटी शक्ति दुबे ने रचा इतिहास, UPSC में हासिल की पहली रैंक

शक्ति दुबे ने काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) से बायोकेमिस्ट्री में पोस्ट ग्रेजुएशन किया. यूपीएससी की ओर से जारी बयान में कहा गया कि शक्ति ने राजनीति विज्ञान और अंतरराष्ट्रीय संबंध को वैकल्पिक विषय के रूप में रखते हुए परीक्षा पास की है.

इलाहाबाद के बाद BHU से पूरी की पढ़ाई

शक्ति दुबे का जन्म उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में हुआ. उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा और ग्रेजुएशन की पढ़ाई प्रयागराज में ही पूरी की. ग्रेजुएशन के लिए उन्होंने इलाहाबाद यूनिवर्सिटी को चुना और फिर उच्च शिक्षा के लिए वह काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) चली गईं. BHU से उन्होंने बायोकैमिस्ट्री (जैव रसायन) में पोस्ट-ग्रेजुएशन 2016 में पूरा किया. इसके बाद वह सिविल सेवा की तैयारी में जुट गईं.

पोस्ट-ग्रेजुएशन के बाद शक्ति दुबे ने तय किया कि वह सिविल सेवा परीक्षा (UPSC) की तैयारी करेंगी. 2018 से ही वह देश की सबसे कठिन परीक्षा की तैयारी में जुटी गई थीं. एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि यह सिर्फ एक करियर विकल्प नहीं बल्कि देश की सेवा करने का जरिया भी है.

UPSC की टॉप 5 में 3 महिलाएं

एक अकादमी के साथ इंटरव्यू के दौरान जब शक्ति से पूछा गया कि जैसे अयोध्या को राम के लिए और काशी को शिव के लिए देखा जाता है वैसे ही प्रयागराज को किस पहचान से देखा जाना चाहिए, इस पर उन्होंने बड़े गर्व के साथ कहा कि प्रयागराज की पहचान त्रिवेणी संगम से है, जहां गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती मिलती हैं. यह धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से एक अत्यंत पवित्र स्थल है.

सिविल सेवा (प्री) परीक्षा, 2024, पिछले साल 16 जून को आयोजित की गई थी. इस परीक्षा में कुल 9,92,599 प्रत्याशियों ने आवेदन किया था, जिनमें से 5,83,213 प्रत्याशी परीक्षा में शामिल हुए. इसमें से कुल 14,627 प्रत्याशी लिखित (मेन) परीक्षा के लिए पास हुए. मुख्य परीक्षा सितंबर 2024 में कराई गई. इसमें से 2,845 प्रत्याशियों को व्यक्तित्व परीक्षण या इंटरव्यू के लिए बुलाया गया.

इनमें से 1,009 उम्मीदवारों (725 पुरुष और 284 महिलाएं) को अलग-अलग सेवाओं में नियुक्ति के लिए यूपीएससी की ओर से अनुशंसित किया गया है. इसमें से टॉप 5 में 3 महिलाएं और 2 पुरुष शामिल हैं.shakti dubey: प्रयागराज की बेटी शक्ति दुबे ने रचा इतिहास, UPSC में हासिल की पहली रैंक

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम