MP Cabinet Meeting: तबादलों से हटेगा प्रतिबंध, उद्यमियों को 72 लाख रुपये की सहायता
MP Cabinet Meeting: तबादलों से हटेगा प्रतिबंध, उद्यमियों को 72 लाख रुपये की सहायता मिलेगी। चुनावी वर्ष में सरकार तबादला नीति लाएगी। जिलों में प्रभारी मंत्री और राज्य स्तर पर विभागीय मंत्री को तबादला करने का अधिकार मिलेगा।
मंत्रियों ने मंगलवार को कैबिनेट में तबादलों पर लगे प्रतिबंध को हटाने की मांग रखी, जिस पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी सहमति जताई। वहीं, अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के उद्यमियों को 18 लाख रुपये की आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने के लिए स्टार्टअप नीति एवं कार्यान्वयन योजना 2022 में संशोधन के प्रस्ताव को कैबिनेट ने स्वीकृति दी। उद्यमियों को चार चरणों में अधिकतम 72 लाख रुपये की सहायता दी जा सकेगी।
बैठक में सहकारिता मंत्री अरविंद सिंह भदौरिया, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री महेंद्र सिंह सिसौदिया सहित अन्य मंत्रियों ने तबादलों से प्रतिबंध हटाने की बात रखी थी। सभी का कहना था कि चुनावी वर्ष है। कुछ तबादले किए जाने आवश्यक हैं। विधायक सहित अन्य जनप्रतिनिधियों के भी प्रस्ताव हैं। इसे देखते हुए कुछ समय के लिए प्रतिबंध हटाया जाए। मुख्यमंत्री ने इस पर सहमति जताई और कहा कि जल्द ही इस पर निर्णय लिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लागू होने के पहले सरकार को राजस्व, गृह और सामान्य प्रशासन विभाग के ऐसे अधिकारियों-कर्मचारियों को मैदानी पदस्थापना से हटाना पड़ेगा, जिन्हें एक स्थान पर तीन वर्ष हो चुके हैं। 2018 के चुनाव में इसके लिए 18 मई को आदेश दिए गए थे। अगले सप्ताह तक आयोग से निर्देश प्राप्त हो सकते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए गृह विभाग ने अपनी तैयारी भी प्रारंभ कर दी है।
उधर, कैबिनेट में मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप स्टार्टअप नीति एवं कार्यान्वयन योजना में संशोधन को अनुमति दी गई। अब अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के उद्यमियों को 18 लाख रुपये तक आर्थिक सहायता दी जा सकेगी। यह चार चरणों में अधिकतम 72 लाख रुपये होगी। इस प्रविधान का लाभ उन्हीं स्टार्टअप को मिलेगा, जिनमें अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के उद्यमी की भागीदारी 51 प्रतिशत से कम नहीं होगी। इसके साथ ही वन्यप्राणियों द्वारा की जाने वाली जनहानि, पशुहानि पर चार के स्थान पर आठ लाख रुपये तक क्षतिपूर्ति देने के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया।

