Katni के प्रेमनगर में करेंट से गई जान, भडक़ा लोगों का आक्रोश

Katni एनकेजे थाना अंतर्गत प्रेमनगर बस्ती में बिजली विभाग की बेपरवाही के कारण करेंट लगने से एक प्रौढ़ की मौत हो गई। जिसको लेकर बस्ती के लोग खासा आक्रोशित हैं और आज वो पीएम के बाद प्रौढ़ का शव लेकर नगर निगम व बिजली आफिस में प्रदर्शन करने की तैयारी में हैं।
गौरतलब है कि शहरी क्षेत्र में होने के बावजूद प्रेमनगर बस्ती में आज तक स्थाई बिजली कनेक्शन देने की व्यवस्था बिजली विभाग नहीं कर पाया है। बस्ती न तो बिजली खंभे हैं और न ही कोई व्यवस्था है। जिसके कारण यहां निवास करने वाले लोग जुगाड़ करके बांस बल्लियों के सहारे दूर दराज से बिजली तार खींचकर अपने घरों में उजाला करने मजबूर हैं। जिसकी वजह से बस्ती में हमेशा करेंट लगने का खतरा बना रहता है। इसी बीच रविवार को मौसम में आए बदलाव के बाद आंधी तूफान व बारिश के कारण करेंट लगने से मोतीलाल कोरी नामक प्रौढ़ की मौत हो गई।
बताया जाता है कि मृतक मोतीलाल कोरी परिवार का मुखिया था और वही परिजनों का भरण पोषण पोषण करता था। घटना की जानकारी लगने पर पुलिस मौके पर पहुंची और पंचनामा कार्रवाई के बाद मोतीलाल के शव को अपने अधिकार में लेकर उसे पीएम के लिए जिला चिकित्सालय भिजवाया। जहां आज सुबह पीएम शुरू हुआ। वहीं मृतक के परिजन और क्षेत्र वाले जिला चिकित्सालय पोस्टमार्टम के लिए पहुंच चुके हैं।
बताया जाता है कि बिजली विभाग के द्धारा यहां स्थाई कनेक्शन न दिए जाने के कारण लोगों में खासा आक्रोश है तथा मोतीलाल की मौत के बाद लोगों के आक्रोश का ज्वालामुखी आज फट गया है। जिला अस्पताल पहुंचे क्षेत्र के लोगों ने बताया कि वो पीएम के बाद मृतक मोतीलाल के शव को लेकर नगर निगम व बिजली दफ्तर जाएंगे और प्रदर्शन करते हुए न केवल मृतक के परिजनों को आर्थिक मदद देने की मांग प्रशासन से करेंगे बल्कि क्षेत्र में बिजली खंभे लगाकर स्थाई कनेक्शन देने की मांग को भी बुलंद करेंगे।
कई बार उठ चुकि है स्थाई कनेक्शन देने की मांग
पूर्व पार्षद मनोज गुप्ता ने बताया कि प्रेमनगर के विभिन्न स्थानों पर विद्युत पोल लगाने के लिए विगत कई वर्षों से स्थानीय नागरिकों द्वारा आवेदन दिया गया और वार्ड क्रमांक 18 की पार्षद रागिनी मनोज गुप्ता द्वारा भी उपरोक्त स्थान में विद्युत पोल लगाने के संबंध में प्रस्ताव प्रेषित कर स्थल निरीक्षण कराया गया था लेकिन नगर निगम की कार्य के प्रति लापरवाही के चलते उक्त संबंध में अभी तक सिर्फ विद्युत विभाग को पत्र भेजकर खाना पूर्ति की गई है। विद्युत विभाग भी अभी तक एस्टीमेट तैयार नही कर सका है जबकि दिनांक 17 मार्च को वरिष्ठ पार्षद मिथलेश जैन, राजकिशोर यादव, मनोज गुप्ता, और विनीत जायसवाल द्वारा विद्युत विभाग पहुंचकर अधीक्षण यंत्री, कार्यपालन यंत्री और उपयंत्री से मिलकर इस समस्या से अवगत कराते हुए बताया गया था कि विद्युत विभाग द्वारा एस्टीमेट तैयार करने से लेकर कार्य आदेश जारी करने में अनावश्यक विलंब किया जाता है। पूर्व पार्षद मनोज गुप्ता ने नगर निगम प्रशासन और विद्युत विभाग पर आरोप लगाया है कि यदि समय में दोनो विभागों के द्वारा उपरोक्त घटना वाले विभिन्न स्थानों में विद्युत पोल लगाने की कार्यवाही शुरू कर दी गई होती तो किसी की जान बच सकती थी।








