Karachi Stock Exchange में हाहाकार: 7,000 अंक लुढ़का KSE, निवेशकों के ₹78,000 करोड़ डूबे
Karachi Stock Exchange में हाहाकार: 7,000 अंक लुढ़का KSE, निवेशकों के ₹78,000 करोड़ डूबे। ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव और शांति वार्ता विफल होने का असर सोमवार को वैश्विक शेयर बाजारों पर साफ दिखाई दिया। सबसे ज्यादा गिरावट Karachi Stock Exchange में दर्ज की गई, जहां बाजार 4% से ज्यादा टूट गया।
7,000 अंकों की बड़ी गिरावट
कराची स्टॉक एक्सचेंज में कारोबारी सत्र के दौरान भारी बिकवाली देखने को मिली। KSE इंडेक्स 7,000 अंकों से ज्यादा गिरकर 160,158.92 तक पहुंच गया
पिछला बंद: 167,191.38 अंक
दोपहर तक करीब 6,400 अंकों की गिरावट के साथ 160,801.83 पर कारोबार। गौरतलब है कि अप्रैल की शुरुआत में ही बाजार में 12% से ज्यादा की तेजी देखी गई थी। निवेशकों को ₹78,000 करोड़ का नुकसान
इस गिरावट से निवेशकों को बड़ा झटका लगा: मार्केट कैप 66.58 अरब डॉलर से घटकर 63.78 अरब डॉलर कुल नुकसान करीब 2.8 अरब डॉलर (₹78,000 करोड़ से ज्यादा)ए यह गिरावट पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति के लिए चिंता बढ़ाने वाली मानी जा रही है।
भारत में भी दिखा असर
वैश्विक दबाव का असर भारतीय बाजारों पर भी पड़ा:
BSE Sensex 703 अंक गिरकर 76,847.57 पर बंद
Nifty 50 207 अंक टूटकर 23,842.65 पर पहुंचा
हालांकि भारत में गिरावट सीमित रही, लेकिन निवेशकों में सतर्कता बनी हुई है।
गिरावट की वजह
ईरान-अमेरिका शांति वार्ता का फेल होना
बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव
वैश्विक निवेशकों की जोखिम से दूरी
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय हालात नहीं सुधरे, तो Karachi Stock Exchange में आगे भी उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। यह गिरावट एक बार फिर दिखाती है कि वैश्विक राजनीति और तनाव का सीधा असर शेयर बाजारों पर पड़ता है, खासकर उन देशों पर जहां आर्थिक स्थिति पहले से कमजोर होती है।

