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हरे माधव सतगुरु पर्व- मेरे सतगुरां हम शरण तेरी आए” के साथ प्रारंभ हुआ, हाजिरां हुजूर सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी का सत्संग पंडाल में आगमन भव्य शोभायात्रा

हरे माधव सतगुरु पर्व-
मेरे सतगुरां हम शरण तेरी आए” के साथ प्रारंभ हुआ, हाजिरां हुजूर सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी का सत्संग पंडाल में आगमन भव्य शोभायात्र

कटनी -माधवनगर में आयोजित पावन पुनीत हरेमाधव सतगुरु पर्व पर अनेक नगरों कस्बों ग्रामों से हजारों श्रद्धालु इस पुनीत सुअवसर का हिस्सा बनने पधारे। दिनांक 14 जनवरी सायं को हरेमाधव सत्संग की शुरुआत हरे माधव वाणी अरदास “मेरे सतगुरां हम शरण तेरी आए” के साथ प्रारंभ हुआ तत्पश्चात भजन कीर्तन गायन
हाजिरां हुजूर सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी का शुभागमन हरेमाधव हरेमाधव के जयघोष गुंजायमान करतें हुए, ढोल-नगाड़ो एवं संगतों के खुशी में झूमते-नाचते काफिले के साथ हुआ। आपजी जब श्रीआसन पर विराजमान हुए तो नन्हें-नन्हें बच्चों ने श्री चरणों में भाव भरा नमन वंदन , चरण वंदना नृत्य के रूप में किया, तत्पश्चात हरे माधव रूहानी बाल संस्कार एवं हरे माधव यूथ टीम द्वारा भावपूर्ण प्रस्तुति , जिसमें भगतों पर हुई सतगुरु जी की प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष मेहर के कुछ जिक्रों को मंचित किया गया।
भगतों के लिए भक्ति पथ ज्योर्तिमय करने के लिए मंचित किए गए।

प्रेमी भक्तों ने भी सतगुरु भगति में आनंद मस्त हो, झूम-नाचकर शाश्वत खुशियाँ मनाई तत्पश्चात् हरेमाधव भजन रागों से सारा आभामण्डल प्रेमामय सा हो गया एवं मध्यरात्रि धुनि के पश्चात् सभी ने हरेमाधव ब्रम्हभोज (भंडारा प्रसाद) ग्रहण किया।

अगले दिन, 15 जनवरी हरेमाधव सत्संग सर्वप्रथम हरेमाधव वाणी अरदास “मेरे सतगुरां हम शरण तेरी आए” के साथ प्रारंभ हुआ, हाजिरां हुजूर सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी का सत्संग पंडाल में आगमन भव्य शोभायात्रा के साथ हुआ, जिसमें सतगुरु सांईजी पुष्पों से सुसज्जित श्री रथ पर विराजित हुए, शिष्य भगतजन हरेमाधव हरेमाधव का जयघोष करते, झूमते नाचते हुए श्रीदर्शन कर रथ को धीरे-धीरे आगे बढ़ाते हुए सत्संग स्थल तक आए।

सत्संग पंडाल में विराजमान होने पर हरेमाधव रूहानी बाल संस्कार के बाल गोपालों द्वारा सतगुरु महिमा उस्तत के बोल से भरी श्री चरण वंदना की गई। तदुपरांत हरेमाधव सद् ग्रंथ वाणी का गायन प्रारंभ हुआ, जिसमें परम महिमा के वचनों का गायन,
तत्पश्चात एल ई डी चलचित्र पर विराट लीलाओं के श्री दर्शन “सात दिवस जीवनमुक्त सतगुरु अकाट्य भजन लील वास” एल.ई.डी पर कि जीवनमुक्त सतगुरु अन्न जल त्याग किस तरह गहरी जल राशि में तप, समाधि में लीन हो जातें एवं
बीयाबान वन में जाकर परम सिद्ध पुरुख सतगुरु साहिबान जी ने शाश्वत मुक्ति का प्रसाद बक्शने वाली लीला की, और ऐसी अनेकानेक लीलाएं भारी बीयाबान वनों में जाकर आप हाज़िरां हुजूर सतगुरु बाबा ईश्वरशाह साहिब जी भी जप-तप करते हुए सर्वजन हितकारी लीलाएं करते सभी संगतो के सामने आज उस परम लीला को प्रकाशमय किया गया, आप साहिब जी की यह लीला देख संगतें भाव विभोर हो रही।
विराट लीलाओं के श्री दर्शन के पश्चात सतगुरु साहिबान जी ने अमृत वर्षा कर समझाया कि जीवनमुक्त सतगुरु वचन से जगत का उद्धार सहज संभव हो सकता है अनेक सतगुरु उपकारी लीलाओं को भी आपजी ने प्रकट किया सतगुरु उपकारों को याद करते हुए सतगुरु उपकार महिमा को याद करते हुए समझाया कि सतगुरु के उपकारों की गणना सम्भव नहीं वे अनन्त अपार है और ना ही कोई सतगुरु उपकारों का ऋण उतार सकता है शुक्र भाणें में रहते हुए भजन की कमाई करते हुए वचनों को आत्मसात करने सब्र धीरज विनम्र मिठास से रहेंगे, तो सदैव लाभ मिलता है
श्रद्धावान लभतें ,विश्वासम् फलीभूतम् श्रद्धा विश्वास वाले साधक भजन की कमाई सहजता से पाते हैं उनका कोई अहित नहीं कर सकता क्योंकि दिव्य शक्तियां सूक्ष्म रूप में उनके अंग संग रहती है ।
सतगुरु अमृत वर्षा सुनकर संगतें भाव विभोर हो अपने भाग्य को सराहते हुए शुक्रना करती रही।
सतगुरु अमृत वर्षा के पश्चात् हरेमाधव सद् ग्रंथ वाणियों, भजन कीर्तन का गायन निरन्तर जारी रहा।
सतगुरु दर्शन करने पधारे विधायक संदीप जायसवाल, डिप्टी कलेक्टर प्रदीप मिश्रा, महापौर प्रीति संजीव सुरी, पीताम्बर टोपनानी, अनेक पार्षदों, संगतों ने सतगुरु जी से आशीर्वाद प्राप्त किया। बाबा माधवशाह चिकित्सालय में आयोजित चिकित्सा शिविर में नागपुर, रायपुर, जबलपुर, स्थानीय अनेक चिकित्सकों ने नि: शुल्क स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जिसका लाभ जरूरतमंदों को मिला , बाबा माधवशाह चिकित्सालय न्यूनतम दरों निरन्तर चिकित्सा सेवाएं प्रदान करते हुए आधुनिक चिकित्सा सेवाओं का विस्तार कर रहा है।
हरेमाधव सोझी मेला और गैम जोन का लाभ संगतों ने उठाया अपने उलझे विचारों एवं जिज्ञासाओं के उत्तर पाएं संगतों के ठहराव आहार की व्यवस्था हरेमाधव परमार्थ सत्संग समिति ने की l

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