शरजील इमाम की अंतरिम जमानत रद्द करने के लिए दिल्ली पुलिस पहुंची अदालत; मीडिया से बात कर शर्तों के उल्लंघन का आरोप
नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस ने 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों से जुड़े ‘बड़ी साजिश’ (Greater Conspiracy) मामले के आरोपी शरजील इमाम को मिली अंतरिम जमानत को तुरंत रद्द करने की मांग करते हुए अदालत का रुख किया है। पुलिस का आरोप है कि कड़कड़डूमा कोर्ट से मिली अस्थायी रिहाई के दौरान शरजील इमाम ने मीडियाकर्मियों से बातचीत की, जो कि अदालत द्वारा तय की गई जमानत की शर्तों का सीधा उल्लंघन है।
चचेरे भाइयों की शादी के लिए मिली थी 7 दिनों की जमानत
जमानत की अवधि: कड़कड़डूमा कोर्ट के एडिशनल सेशंस जज समीर बाजपेयी ने शरजील इमाम को उनके दो चचेरे भाइयों (Cousins) की शादियों में शामिल होने के लिए 4 अक्टूबर से 10 अक्टूबर 2026 तक 7 दिनों की अंतरिम जमानत दी थी।
शादी के कार्यक्रम: इमाम के वकील अहमद इब्राहिम के अनुसार, एक शादी दिल्ली में और दूसरी बिहार के जहानाबाद में आयोजित थी, जिसका रिसेप्शन 9 अक्टूबर को उनके गृह जिले जहानाबाद में तय था।
दिल्ली पुलिस का तर्क और आरोप
अदालत में दायर अपनी याचिका में पुलिस ने दलील दी है कि आरोपी को मिली स्वतंत्रता का उसने दुरुपयोग किया है। पुलिस के मुताबिक, अस्थायी रिहाई के दौरान मीडिया से बातचीत करना अदालत के नियमों और शर्तों के विपरीत है, इसलिए उनकी अंतरिम राहत रद्द की जानी चाहिए।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी मार्च 2026 में शरजील इमाम को उनके सगे भाई की शादी में शामिल होने के लिए 20 मार्च से 30 मार्च तक 10 दिनों की अंतरिम जमानत दी गई थी।






















