CAA के समर्थन में रैली निकालने पर हिरासत में लिए गए कैलाश विजयवर्गीय
कोलकाता। संशोधित नागरिकता कानून (CAA) के समर्थन में रैली कर रहे भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कई नेताओं को हिरासत में लिया गया है. ये सभी नेता शहर के टॉलीगंज इलाके में सीएए के समर्थन में रैली कर रहे थे. मिली जानकारी के अनुसार हिरासत में लिए गए नेताओं में राज्य के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय (Kailash Vijayvargiya) भी शामिल हैं. बताया गया कि विजयवर्गीय की अगुआई में बीजेपी के अन्य नेता और कार्यकर्ता टॉलीगंज से ही CAA समर्थन रैली की शुरुआत करने वाले थे.
पुलिस ने अनुसार, ‘बीजेपी नेता पुलिस की अनुमति के बिना कथित रूप से मार्च का आयोजन कर रहे थे. जिसके कारण उन्हें पुलिस वैन में हिरासत में लिया गया और उस जगह से दूर ले जाया गयाए बीजेपी नेताओं को हिरासत में लिया गया.
कानून के समर्थन में रैली करना कौन सा अपराध: विजयवर्गीय
कैलाश विजयवर्गीय ने ट्वीट किया, ‘कोलकाता में आज सीएए के समर्थन में मेरी रैली थी. पुलिस ने मुझे और मुकुल रॉय को गिरफ्तार कर लिया है और लाल बाज़ार पुलिस हेडक्वार्टर ले जा रहे हैं. संसद में पारित किसी कानून के समर्थन में रैली करना कौनसा अपराध है, जो हमें गिरफ्तार किया गया?
ममता ने लोकतंत्र का मजाक बना दिया है: विजयवर्गीय
कैलाश विजयवर्गीय ने एक अन्य ट्वीट किया, ‘लोकतंत्र या मजाक! पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लोकतंत्र को मजाक बना दिया है. यहां कानून की बात करना भी अपराध बन गया. आज जब मैं और मुकुल रॉय जी कोलकाता में सीएए के समर्थन में रैली करने पहुंचे तो हमें गिरफ्तार कर लिया गया. ये कौनसा अपराध है?
बंगाल विधानसभा में TMC विधायकों ने ऐसे जताया विरोध
पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ ने शुक्रवार को विधानसभा में बजट सत्र की शुरुआत में अपने भाषण में देशभर में प्रस्तावित एनआरसी की वजह से ‘दहशत के कारण राज्य में हुई लोगों की मौत’ पर शोक व्यक्त किया. धनखड़ के संबोधन के दौरान तृणमूल कांग्रेस के विधायकों को सीएए एवं एनआरसी विरोधी संदेशों वाली टी-शर्ट और बैज पहने देखा गया. धनखड़ अपने संबोधन के लिए सदन में प्रवेश करते समय सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस के विधायकों का अभिवादन करते नजर आए. हालांकि पिछले दिनों धनखड़ और तृणमूल के बीच मतभेद देखने को मिले थे. राज्यपाल ने ‘प्रस्तावित एनआरसी के कारण दहशत की वजह से हुई निर्दोष लोगों की मौत’ पर शोक व्यक्त किया.








