
कटनी। न्याय की लड़ाई में नया मोड़: दुष्कर्म पीड़िता के बच्चे का डीएनए सैंपल लिया गया। छ माह पहले हुई थी एफआईआर, आरोपी है सरपंच पुत्र, अभी जमानत पर रिहा है। ढ़ीमरखेड़ा थाना क्षेत्र में एक 20 वर्षीय दुष्कर्म पीड़िता ने बच्ची को जन्म दिया है। पुलिस ने डीएनए जांच के लिए बच्ची का ब्लड सैंपल लेकर लैब भेजा है। उल्लेखनीय है कि इस मामले में सरपंच पुत्र पर ही दुष्कर्म का आरोप है जिसके खिलाफ 13 मार्च को पुलिस ने एफआईआर दर्ज किया था और गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बाद में जमानत मिलने के बाद आरोपी रिहा है। अब इस बीच पीड़िता ने उमरियापान सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गत शनिवार को बच्ची को जन्म दिया है, जो पूरी तरह से स्वस्थ बताई गई है। सोमवार को पुलिस ने सैंपल लेने की प्रक्रिया को पूरा किया है। जिसे जांच के लिए लैब भेजा गया
6 माह से चल रहा प्रकरण
थाना प्रभारी मोहम्मद शाहिद ने बताया कि यह मामला करीब 6 माह से चल रहा है। पीड़िता ने सरपंच पुत्र नीलेश लोनी पर दुष्कर्म का आरोप लगाया था। जिसकी विवेचना के बाद आरोपी पर 13 मार्च को प्रकरण दर्ज किया गया था और गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। अंब पीड़िता ने बच्ची को जन्म दिया है। कानूनी प्रक्रिया के तहत मामले | की जांच जारी है। जो भी उचित कदम है, पुलिस उठा रही है।
पिता है या नहीं…
पुलिस का कहना है कि दुष्कर्म के मामले में तथ्यात्मक साक्ष्य महत्पूर्ण हैं। लिहाजा बच्ची का डीएनए जांच के लिए सैंपल लिया गया ताकि स्पष्ट हो सके कि आरोपी बच्ची का प्राकृतिक पिता है कि नहीं? पुलिस अपनी ओर से सभी तथ्यों को जोड़ने में लगी हुई है।
विवाह से मुकरा था आरोपी
पुलिस ने बताया कि मामले में पीड़िता ने बताया था कि आरोपी ने उसके साथ प्रेम संबंध का नाटक किया। इस झांसे में कि वह उसके साथ विवाह करेगा। इस आधार पर उसके साथ संबंध बनाए। इसके बाद वह गर्भवती हो गई तो उसने विवाह करने से साफ इंकार कर दिया था।








