समूचा महाकौशल बारिश से तरबतर, कटनी को अभी भी मानसूनी झड़ी का इंतजार

जबलपुर । तेज बारिश ने रविवार देररात महाकोशल-विंध्य को तरबतर कर दिया। अंचल की नदियों का जलस्तर बढ़ गया, मंडला- कान्हा मार्ग बंद हो गया, दमोह में एक युवक पुल पार करते समय बह गया। सिवनी का भीमगढ़ और शहडोल के बाणसागर डैम के गेट खोल दिए गए हैं। सिवनी जिले के छपारा के भीमगढ़ डैम से तीन हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है।

जहां एक ओर जबलपुर सम्भाग के अधिकांश जिले पानी से तरबतर हैं तो वही कटनी अभी भी बारिश की झड़ी का इंतजार कर रहा है।
रविवार देर रात से हो रही रिमझिम बारिश के बाद खेत पानी से लबालब हो गए हैं। शहडोल में सोमवार को भी हुई झमाझम-बाणसागर बांध खतरे के निशान को छूने लगा है। सोमवार को सुबह 7 बजे 341.21 मीटर पानी का भराव दर्ज किया गया और इसके बाद सुबह 7.00 बजे बाणसागर बांध के छह गेट आधा मीटर खोल दिए गए।
मंडला में 93 मिमी बारिश, मंडला-कान्हा मार्ग बंद
जिले में 93.3 मिमी बारिश दर्ज की गई है। नदी नाले उफान हैं। रविवार रात से मंडला से कान्हा मार्ग में इंद्री के पास कन्हार नदी और मोचा के पास बंजर नदी के पर पुल के ऊपर पानी होने से यह मार्ग भी बंद है। दमोह के पठाघाट पुल से बहा साइकि ल सवार- तेंदूखेड़ा के पास पाठा पुल पर नदी उफान पर आ गई।
सोमवार दोपहर एक युवक झुन्नी (50) पुत्र मुरली अहिरवार बह गया। इस दौरान उसका भतीजा दशरथ चाचा को बचाने नदी कूद गया लेकिन चाचा को नहीं बचा सका। दशरथ ने बताया कि चाचा बीमार होने से तेंदूखेड़ा अस्पताल आ रहे थे। पुल पर पानी थी चाचा साइकि ल से निकल रहे थे तो पानी का बहाव तेज हो गया और वह बह गए।








