
कटनी/ बरही। बरही कुआं क्षेत्र में आतंक का पर्याय बने बाघ के बारे में अब तक चले सर्चिंग से एक बात तो सामने आई कि लोगों पर हमला करने वाली एक बाघिन ही है जो अपने 2 वयस्क हो रहे शावकों के साथ इस क्षेत्र में घूम रही है, तथा लोगों और पशुओं को निशाना बना रही। आज 2 शावकों को पकड़ने में मिली सफलता के बाद कुछ हद तक यहां के लोगों को राहत मिली। दोनो शावक भी बाघिन हैं। लेकिन इनकी मा मुख्य बाघिन अब तक पकड़ में नही आई।
लोगों ने कहा कि बाघिन शिकार करके शावकों को शिकार की ट्रेनिग भी दे रही है। यह बात आज इसलिये लगभग सही कही जा सकती है क्योंकि पिछले 6 दिनों से आदमखोर बाघ को पकड़ने “ऑपरेशन टाइगर” को आज सफलता मिली।
पूरे क्षेत्र में इन बाघों को पकड़ने के लिए दिन रात एक कर रही फारेस्ट टीम ने आज सायं 2 शावकों को पकड़ लिया। जो अब काफी बड़े हो चुके हैं।
कहीं और हिंसक न हो जाये बाघिन
हालांकि अभी भी बाघिन की तलाश जारी है। इधर वन विभाग को उम्मीद है कि यही बाघ परिवार लोगों को अपना शिकार बना रहा था। वन अमले को उम्मीद है कि शावकों के पकड़े जाने के बाद अब इस बाघिन को पकड़ना आसान हो जाएगा हालांकि डर यह भी है कि अपने शावकों को न पाकर वह कहीं और भी हिंसक न बन जाये लिहाजा लोगों को और भी सतर्क रहने की आवश्यकता है।
कैसे चला शावकों को पकड़ने का ऑपरेशन
जानकारी के अनुसार दो मादा बाघिन को पकड़ने में सफलता मिली है। मचमचा पटपहरा नाला के पास दोपहर 4 बजे से चालू हुआ था इन्हें पकड़ने का ऑपरेशन सायं 6 बजे बजे पकड़ने में सफलता मिली। जानकारी के अनुसार बरही रेंज के कुआँ-मचमचा में हुई कार्यवाही में 4 हाथियो व रेस्क्यू टीम से हुई घेराबंदी की गई नेशनल पार्क के डायरेक्टर मृदुल पाठक के नेतृत्व में यह पूरी कार्यवाही हुुुई। डीएफओ अजय पांडेय सहित वन अमला इस मौके पर मौजूद था।
मंत्री संजय पाठक रखे हैं नजर
गौरतलब है कि एक दिन में दो लोगों को मौत के घाट उतारने के बाद बाघ की दहशत में लोगों को रात रात नींद नही आ रही थी। घटना के बाद राज्यमन्त्री संजय सत्येन्द्र पाठक ने यहां पहुंच कर लोगों से मुलाकात की थी साथ ही घटना से मुख्यमंत्री और वन मंत्री वाइल्ड लाइफ सहित टाइगर रिजर्व के अधिकारियों को अवगत कराया था। इसी के बाद से वन अमले और बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व तथा वाइल्डलाइफ की टीम यहां डेरा डाले हुए थीं। अब जब तक बाघिन नहीं पकड़ी जाती नए सिरे से वन अमला ऑपरेशन प्लान कर रहा है। मंत्री श्री पाठक भी इस पूरे ऑपरेशन की लगातार जानकारी ले रहे हैं।
लोगों ने रोका काफिला
स्थानीय लोगों ने दोनों शावकों को ले जा रहे वाहन को रोक लिया। ग्रामीणों को यकीन नहीं हो रहा था कि शावक पकड़े गए। बहरहाल वन अमले के समझाने बुझाने के बाद ग्रामीण माने। शावकों को बांधवगढ़ शिफ्ट किया जाएगा। शावक बाघकरीब 250 किलो का था।










