प बंगाल। बीजेपी कार्यकर्ता की पहचान त्रिलोचन महतो (18) के रूप में हुई है. हत्या के बाद उसकी पीठ पर बांग्ला भाषा में एक मैसेज लिखा गया है. जिसका मतलब है, “ये 18 साल की उम्र में बीजेपी के लिए राजनीति करने का अंजाम है. वोट के बाद से तुम्हे मारने की कोशिश हो रही थी. आज तुम मर गए.”
पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक युवा कार्यकर्ता की हत्या का मामला सामने आया है. आरोपियों ने बीजेपी कार्यकर्ता की हत्या कर उसकी लाश पेड़ से टांग दी. यही नहीं, लाश की पीठ पर मैसेज लिखा गया कि बीजेपी के लिए काम करने वालों का यही अंजाम होगा. बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने इस घटना की कड़ी निंदा की है.
बता दें कि राज्य में हाल में हुए पंचायत चुनावों के पहले और वोटिंग के दौरान भी कई इलाकों में तृणमूल कांग्रेस (TMC) और बीजेपी समर्थकों के बीच हिंसक घटनाएं हुई थीं, जिसमें कई लोग मारे गए थे. इस घटना के बाद ममता सरकार और टीएमसी एकबार फिर सवालों के घेरे में आ गई है.
जानकारी के मुताबिक, बीजेपी कार्यकर्ता की पहचान त्रिलोचन महतो (18) के रूप में हुई है. हत्या के बाद उसकी पीठ पर बांग्ला भाषा में एक मैसेज लिखा गया है. जिसका मतलब है, “ये 18 साल की उम्र में बीजेपी के लिए राजनीति करने का अंजाम है. वोट के बाद से तुम्हे मारने की कोशिश हो रही थी. आज तुम मर गए.”
बीजेपी का कहना है कि उनके कार्यकर्ता त्रिलोचन महतो की महज इसलिए हत्या कर दी गई, क्योंकि उसने पंचायत चुनाव के दौरान पार्टी के लिए जी-तोड़ मेहनत की थी. बीजेपी के जिला अध्यक्ष विद्यासागर चक्रवर्ती ने कहा, “पुरुलिया में पंचायत चुनाव के नतीजों में अच्छा रिस्पॉन्स नहीं मिलने पर टीएमसी के कार्यकर्ता हमारी पार्टी के लोगों को डरा-धमका रहे थे. बीती रात उनलोगों ने त्रिलोचन को अगवा कर लिया. फिर बेहरमी से उसकी हत्या कर दी.”
वहीं, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने इस घटना की कड़ी निंदा की है. शाह ने ट्वीट किया, “पुरुलिया में हमारे एक काबिल कार्यकर्ता की बेहरमी से हत्या कर दी गई. इस घटना से बहुत आहत हूं. राज्य में दो पार्टियों की रंजिश में एक युवा की जान ले ली गई. उसे उसकी विचारधारा के कारण पेड़ से लटका दिया गया. ये घटना राज्य समर्थित गुंडागर्दी का उदाहरण है.”
उधर, पुलिस के मुताबिक, त्रिलोचन बलरामपुर कॉलेज में हिस्ट्री ऑनर्स से थर्ड ईयर का छात्र था. मंगलवार की शाम वो अपने घर के पास वाली दुकान पर फोटोकॉपी कराने गया था. शाम करीब 6 बजे उसने आखिरी बार अपने भाई विवेकानंद को फोन किया था और जान की धमकी मिलने की बात बताई थी. उसके बाद त्रिलोचन घर नहीं पहुंचा. बुधवार को उसकी लाश पेड़ से लटकती मिली.
Deeply hurt by the brutal killing of our young karyakarta, Trilochan Mahato in Balarampur,West Bengal. A young life full of possibilities was brutally taken out under state’s patronage. He was hanged on a tree just because his ideology differed from that of state sponsored goons. pic.twitter.com/nHAEK09n7R
— Amit Shah (@AmitShah) May 30, 2018
पुरुलिया के एसपी जॉय विश्वास का कहना है कि पुलिस मामले की जांच में जुटी है. लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. फिलहाल किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.







