निपाह वायरस को लेकर गुना जिले में हाई अलर्ट घोषित

गुना। विजयपुर स्थित उर्वरक संयंत्र यानि एनएफएल (नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड) परिसर में ढाई हजार चमगादड़ों की मौत हो गई। जिससे वहां के स्टाफ के अलावा जिला प्रशासन में भी हड़कंप है। गुरुवार को सूचना मिलते ही स्वास्थ्य, वन, पशु चिकित्सा और कृषि विभाग की टीमें वहां पहुंच गईं। पशु अस्पताल के डॉक्टरों ने मृत चमगादड़ों का पीएम किया, जो देर तक चलता रहा। वहीं सीएमएचओ डॉ. पी. बुनकर ने निपाह वायरस को लेकर गुना जिले में हाई अलर्ट घोषित किया है।
एनएफएल के पीआरओ प्रकाश रंजन के मुताबिक बुधवार से चमगादड़ अचानक मरने लगे थे। गुरुवार को भारी संख्या में मृत चमगादड़ दिखने पर तत्काल स्वास्थ्य विभाग और नपा को सूचना दी। इधर, सीएमएचओ डॉ. पी. बुनकर ने बीएमओ डॉ. लक्ष्मीकु मार को मौके पर भेजा।
बीएमओ की रिपोर्ट मिलते ही सीएमएचओ अपनी और पशु अस्पताल की टीम लेकर पहंुच गए। पशु अस्पताल की टीम ने पीएम शुरू कर दिया था। जो देर तक चलता रहा। पीएम रिपोर्ट से मौत का कारण सामने आएगा। स्वास्थ्य विभाग शुक्रवार को एनएफएल कैंपस में रहने वाले करीब 700 परिवारों और आसपास के 10 गांवों के रहवासियों की भी जांच करेगा। उन्हें जरूरी सावधानियां बताई जाएंगी।
किया है अलर्ट घोषित
एनएफएल में ढाई हजार चमगादड़ों की मौत के बाद जिले में हाई अलर्ट घोषित किया है, लेकि न घबराने की जरूरत नहीं है। निपाह वायरस चमगादड़ के झूठे फल या सब्जियों से फैलता है। आम लोग कटे हुए फल न खाएं। एनएफएल प्रबंधन से बात की है। पीएम के बाद चमगादड़ों को दफन किया जाएगा। अब एनएफएल स्टाफ और आसपास के 10 गांवों के रहवासियों की सेहत की जांच की जाएगी।








