Latestमध्यप्रदेश

अब इटारसी सहित नई तकनीक से साफ होंगे भोपाल मंडल के 10 बड़े रेलवे स्टेशन

इटारसी। भोपाल रेल मंडल के 10 बड़े स्टेशनों को साफ रखने और कचरे के निस्तारण के लिए रेलवे अब मटेरियल रिकवरी फेसिलिटी (एमआरएफ) तकनीक का सहारा लेगा। भोपाल स्टेशन पर इस प्रोजेक्ट की शुरूआत हो चुकी है। अब इटारसी सहित अन्य चयनित स्टेशनों पर काम शुरू होगा। हालांकि, अभी इनके नाम उजागर नहीं किए गए हैं। रेलवे स्टेशनों से निकलने वाले हानिकारक कचरे और इससे पर्यावरण को रहे नुकसान पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) की फटकार के बाद रेलवे ने इस योजना पर काम शुरू किया है।

इस प्रोजेक्ट के सिलसिले में शनिवार को रेलवे के कुछ अधिकारियों ने इटारसी स्टेशन का दौरा भी किया। जानकारी के अनुसार एमआरएफ तकनीक में स्टेशनों से निकलने वाले गीले-सूखे कचरे को तीन श्रेणियों में बांटा जाएगा। पहली श्रेणी में जैविक कचरे से खाद बनाई जाएगी। दूसरी श्रेणी में रिसाइकिल योग्य कचरा होगा, जिसे दोबारा उपयोग में लाया जा सके। तीसरी श्रेणी में ऐसा कचरा होगा, जो इन दोनों कार्यों के लायक नहीं है। उसे वैज्ञानिक पद्धति से नष्ट किया जाएगा। मंडल के 10 बड़े स्टेशनों पर एमआरएफ यूनिट भी लगाई जाएगी जिसके जरिए यह काम होगा।

वेबसाइट पर की जा सकेंगी शिकायत

ट्रेनों, प्लेटफार्म एवं प्रतीक्षालयों के अलावा रेलवे परिसर में कहीं भी गंदगी की शिकायतें प्राप्त करने के लिए रेलवे ने एक फोन नंबर जारी किया था और एप भी बनाया था, लेकिन एप में कुछ विसंगतियां थीं। इसी को देखते हुए भोपाल मंडल ने वेबसाइट बनाई है। इस पर गंदगी की शिकायत और फोटो कहीं से भी अपलोड की जा सकेगी। अपलोड होते ही संबंधित स्वास्थ्य निरीक्षक और सफाई कंपनी को मैसेज मिलेगा। वे सफाई कराने के बाद शिकायतकर्ता को जवाब भी देंगे।

इनका कहना है

रेलवे स्टेशनों पर तेजी से स्वच्छता अभियान की दिशा में काम चल रहा है। कचरा निस्तारण के लिए एमआरएफ नामक आधुनिक तकनीक की मदद ली जा रही है। मंडल के सभी स्टेशनों पर सफाई पर फोकस कर रहे हैं। रेलवे बोर्ड द्वारा तय मानकों के मुताबिक स्वच्छता अभियान लागू किया जा रहा है।

– आरएस राजपूत, अपर मंडल रेल प्रबंधक

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम

Leave a Reply