Sindoorpuram: ऑपरेशन सिंदूर के बाद यूपी में नाम बदलने का सिलसिला, फतेहाबाद से सिंदूरपुरम, बादशाही बाग से ब्रह्माबाग
Sindoorpuram: ऑपरेशन सिंदूर के बाद यूपी में नाम बदलने का सिलसिला, फतेहाबाद से सिंदूरपुरम, बादशाही बाग से ब्रह्माबाग

Sindoorpuram: ऑपरेशन सिंदूर के बाद यूपी में नाम बदलने का सिलसिला, फतेहाबाद से सिंदूरपुरम, बादशाही बाग से ब्रह्माबाग, आगरा में जिला पंचायत की बोर्ड बैठक में सोमवार को फतेहाबाद कस्बा का नाम बदलकर सिंदूरपुरम और फतेहाबाद स्थित बादशाही बाग का नाम बदलकर ब्रह्माबाग करने का प्रस्ताव पास हुआ। सिंदूरपुरम नाम ऑपरेशन सिंदूर और ब्रह्माबाग का नाम ब्रह्मोस मिसाइल के नाम पर रखा गया है।
जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया की अध्यक्षता में बालूगंज स्थित कार्यालय पर सोमवार को बोर्ड की बैठक हुई। ताज महोत्सव की तर्ज पर बटेश्वर मेला आयोजित करने, वर्षा जल संचयन के लिए 300 वर्ग मीटर से अधिक क्षेत्रफल के भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम अनिवार्य करने का भी निर्णय हुआ। बैठक में विकास कार्यों पर भी चर्चा की गई। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह, जिला पंचायत व क्षेत्र पंचायत सदस्य मौजूद रहे।
Sindoorpuram: ऑपरेशन सिंदूर के बाद यूपी में नाम बदलने का सिलसिला, फतेहाबाद से सिंदूरपुरम, बादशाही बाग से ब्रह्माबाग
इन विभूतियों के नाम पर बनेंगे पार्क
अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने बताया कि वर्ष 2025-26 में जिला पंचायत चिल्ड्रेन पार्कों का निर्माण कार्य विभिन्न स्थलों पर कराएगा। बच्चों के खेलकूद और गांवों में उत्सवों के लिए स्थान की कमी इन पार्कों से पूरी होगी। पार्क व क्रीड़ास्थल के नाम महारानी आहिल्याबाई, महर्षि परशुराम, राणा सांगा, छत्रपति महाराज, महाराजा सूरजमल, डाॅ. भीमराव आंबेडकर, चंद्रगुप्त मौर्य, सम्राट अशोक मौर्य, पृथ्वीराज चौहान, महाराजा अग्रसेन, निषादराज गुहा, स्वामी विवेकानंद, महाराज मिहिरभोज, कर्पूरी ठाकुर, झलकारी बाई, लक्खीशाह बंजारा के नाम पर रखे जाएंगे। कुछ स्थानों पर महापुरुषों की मूर्तियां भी लगाई जाएंगी।
सर्वसम्मति से पास प्रस्ताव
- जिला पंचायत से व्यावसायिक निर्माण के लिए नक्शा पास कराने पर रेन वॉटर हार्वेस्टिंग अनिवार्य।
- हरियाली के लिए अभियान चलाकर स्कूलों, निजी भवनों, खेतों सरकारी इमारतों में पौधरोपण कराया जाएगा।
- खारे पानी से मुक्ति के लिए विभिन्न स्थानों पर आरओ प्लांट लगाए जाएंगे।
- बड़ौदरा खुर्द की तरह जैतपुर कलां व मेवलीकलां में भी मिनी स्टेडियम का निर्माण।
- पट्टी शेखूपुर में महर्षि परशुराम विश्राम स्थल का निर्माण।
- स्वयं सहायता समूहों में आर्थिक रूप से कमजोर और अनुसूचित वर्ग की महिलाओं के लिए दुकानों का निर्माण।
औरंगजेब ने रखा था फतेहाबाद का नाम
वर्ष 1658 में औरंगजेब ने अपने भाई दाराशिकोह को सामूगढ़ में हराया था। इस जीत के बाद औरंगजेब ने सामूगढ़ का नाम बदलकर फतेहाबाद रख दिया। जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. मंजू भदौरिया ने बताया कि गुलामी के प्रतीकों को हटाया जाएगा। ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के उपलक्ष्य में फतेहाबाद का नाम बदलकर सिंदूरपुरम किया गया है। फतेहाबाद स्थित बादशाही बाग भी विदेशी आक्रांताओं का प्रतीक था। इसका नाम भारत की ब्रम्होस मिसाइल और ब्रह्मा जी के नाम पर ब्रह्माबाग रखने का प्रस्ताव पास किया गया है।








