कानपुर जू का ‘सतीश’ 700 किमी नहाते हुए जाएगा इंदौर, बदले में कानपुर आएगी शेरनी ‘वीरा’
कानपुर जू का 'सतीश' 700 किमी नहाते हुए जाएगा इंदौर, बदले में कानपुर आएगी शेरनी 'वीरा'
कानपुर जू का ‘सतीश’ 700 किमी नहाते हुए जाएगा इंदौर, बदले में कानपुर आएगी शेरनी ‘वीरा’
कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर प्राणी उद्यान (चिड़ियाघर) से एक बेहद अनोखा और दिलचस्प एनिमल एक्सचेंज (प्राणी विनिमय) होने जा रहा है। कानपुर जू की शान माना जाने वाला दरियाई घोड़ा (हिप्पोपोटेमस) ‘सतीश’ जल्द ही अपने नए घर इंदौर चिड़ियाघर के लिए रवाना होगा। सतीश की यह 700 किलोमीटर लंबी यात्रा बेहद खास होगी, क्योंकि वह पूरे रास्ते 20 हजार लीटर पानी से नहाते हुए इंदौर पहुंचेगा।
इसके बदले में इंदौर चिड़ियाघर से 3 वर्षीय एशियाई शेरनी ‘वीरा’ को कानपुर लाया जाएगा, जिससे कानपुर जू में शेरों का कुनबा बढ़ने की उम्मीद जगी है।
20 हजार लीटर पानी और विशेष स्प्रे सिस्टम से होगा सफर
दरियाई घोड़ा एक उभयचर (Amphibious) जीव है जो अपना 80 फीसदी समय पानी में बिताता है। ज्यादा समय तक पानी से दूर रहने पर उसकी त्वचा (स्किन) फटने लगती है। इसी को ध्यान में रखते हुए जू प्रशासन ने सफर के लिए बारिश का मौसम चुना है। कानपुर जू का ‘सतीश’ 700 किमी नहाते हुए जाएगा इंदौर, बदले में कानपुर आएगी शेरनी ‘वीरा’
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विशेष पिंजरा: इंदौर जू प्रशासन ने सतीश के लिए 8×5 फीट का विशेष पिंजरा तैयार किया है, ताकि उसे चोट न लगे।
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हाइड्रेशन सिस्टम: ट्रक में 100-100 लीटर क्षमता के पानी के टैंक रखे जाएंगे। सफर के दौरान स्प्रे के जरिए लगातार सतीश पर पानी की बौछार की जाएगी और बीच-बीच में बाल्टी से भी पानी डाला जाएगा। पूरे सफर में करीब 20,000 लीटर पानी का इस्तेमाल होगा।
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रूट और स्पीड: सेंट्रल जू अथॉरिटी (CZA) के नियमों के मुताबिक, जानवरों को ले जा रहे वाहन की अधिकतम गति 60 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है। हर 100 किलोमीटर के सफर के बाद ट्रक को आराम देने के लिए स्टॉपेज दिया जाएगा। कानपुर जू का ‘सतीश’ 700 किमी नहाते हुए जाएगा इंदौर, बदले में कानपुर आएगी शेरनी ‘वीरा’
शेरनी ‘वीरा’ बढ़ाएगी कानपुर में शेरों का कुनबा
कानपुर जू में पिछले 8 सालों से शेरों के कुनबे में किसी नए शावक (मेहमान) का जन्म नहीं हुआ है। परिवार के मुखिया बब्बर शेर ‘अजय’ की मौत के बाद, अब वहां ‘शंकर’ इकलौता नर बब्बर शेर बचा है, जिसके साथ उसकी मां ‘उमा’ और बहन ‘नंदनी’ हैं।
इंदौर चिड़ियाघर में जन्मी 3 साल की एशियाई शेरनी वीरा के कानपुर आने के बाद उसकी जोड़ी शंकर के साथ बनाई जाएगी। जू प्रशासन को उम्मीद है कि वीरा के आने से चिड़ियाघर में बब्बर शेरों का कुनबा एक बार फिर गुलजार हो उठेगा।
चिड़ियाघर प्रशासन का बयान: > रेंज फॉरेस्ट ऑफिसर फिरोज खान ने बताया कि एनिमल एक्सचेंज की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। दिन तय होते ही सतीश को कड़ी सुरक्षा और विशेष देखरेख में इंदौर रवाना कर दिया जाएगा। सतीश के जाने के बाद कानपुर जू में अब 4 हिप्पो बचेंगे।








