रक्षाबंधन विज्ञापन विवाद: कृति सेनन के समर्थन में आए राहुल गांधी तो कंगना रनौत ने ‘पितृसत्ता’ वाले बयान पर किया पलटवार
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रक्षाबंधन विज्ञापन विवाद: कृति सेनन के समर्थन में आए राहुल गांधी तो कंगना रनौत ने ‘पितृसत्ता’ वाले बयान पर किया पलटवार
मनोरंजन/राजनीति डेस्क। एक ज्वेलरी ब्रांड के रक्षाबंधन विज्ञापन को लेकर छिड़ा विवाद अब बॉलीवुड से निकलकर राजनीति के गलियारों तक पहुंच गया है। अभिनेत्री कृति सेनन के कपड़ों को लेकर शुरू हुई बहस में अब भाजपा सांसद कंगना रनौत और कांग्रेस नेता राहुल गांधी आमने-सामने आ गए हैं। हालांकि, विवाद बढ़ता देख मेकर्स ने बुधवार को इस विज्ञापन को सभी प्लेटफॉर्म्स से हटा दिया है।
कंगना का राहुल गांधी पर पलटवार
राहुल गांधी द्वारा कृति सेनन का समर्थन किए जाने और ‘पितृसत्ता को खत्म करो’ (#SmashThePatriarchy) का जिक्र करने के बाद कंगना रनौत ने उन पर तंज कसा। कंगना ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर भाजपा के आधिकारिक हैंडल से शेयर की गई एक पोस्ट को दोबारा साझा किया। इस पोस्ट में एक व्यंग्यात्मक चित्र (कैरिकेचर) के जरिए राहुल गांधी के ‘स्माश द पेट्रियार्की’ के नारे पर कटाक्ष करते हुए लिखा गया— “भाई, रुको। भारत माता की जय से शुरू करते हैं।”
राहुल गांधी ने क्या कहा था?
अभिनेत्री कृति सेनन को जब सोशल मीडिया पर ट्रोल किया जाने लगा, तो लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी उनके बचाव में उतरे। राहुल ने कृति के बयान को री-शेयर करते हुए लिखा:
“एक महिला क्या पहनती है, क्या करती है और कहां जाती है— यह उसकी मर्जी है। महिलाओं को उनकी आजादी का इस्तेमाल करने के लिए ट्रोल करना बंद करें।”
इसके साथ ही उन्होंने महिलाओं की पसंद और अधिकारों की पैरवी की थी।
क्या था पूरा विवाद?
विवाद की शुरुआत तब हुई जब कृति सेनन का एक इंडो-वेस्टर्न ब्रैलेट-स्कर्ट आउटफिट में रक्षाबंधन का विज्ञापन सामने आया, जिसमें वे अपने भाई और पालतू कुत्ते को राखी बांधती नजर आ रही थीं।
कंगना की टिप्पणी: कंगना ने इसे “जानबूझकर अजीब बनाया गया” विज्ञापन बताते हुए लिखा था कि इतने सारे पारंपरिक कपड़ों के विकल्प होने के बावजूद रक्षाबंधन पर इस तरह का आउटफिट क्यों चुना गया?
कृति सेनन का जवाब: कृति ने पलटवार करते हुए लिखा था कि संस्कृति और परंपराएं इंसान के दिल में होती हैं, उसकी नेकलाइन (कपड़ों) में नहीं। त्योहारों का महत्व कपड़ों से नहीं, बल्कि भावनाओं से होता है।