बार-बार प्यास और पेशाब ही नहीं- फोर्टिस के डॉक्टर ने बताए डायबिटीज के ये 5 ‘साइलेंट’ संकेत, भूलकर भी न करें नजरअंदाज
बार-बार प्यास और पेशाब ही नहीं- फोर्टिस के डॉक्टर ने बताए डायबिटीज के ये 5 'साइलेंट' संकेत, भूलकर भी न करें नजरअंदाज
बार-बार प्यास और पेशाब ही नहीं- फोर्टिस के डॉक्टर ने बताए डायबिटीज के ये 5 ‘साइलेंट’ संकेत, भूलकर भी न करें नजरअंदाज
स्वास्थ्य डेस्क: जब भी डायबिटीज (मधुमेह) की बात होती है, तो आमतौर पर बार-बार पेशाब आना, बहुत अधिक प्यास लगना या घाव का देर से भरना जैसे लक्षणों पर ध्यान जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि शरीर में कुछ ऐसे भी छिपे हुए संकेत (Silent Signs) दिखाई देते हैं, जिन्हें हम अक्सर सामान्य समझकर अनदेखा कर देते हैं?
गुरुग्राम स्थित फोर्टिस हॉस्पिटल के डायरेक्टर और हेड कार्डियो थोरेसिक एवं वैस्कुलर सर्जन डॉ. महेश वाधवानी के अनुसार, इंसुलिन रेजिस्टेंस और ब्लड शुगर के उतार-चढ़ाव के कारण शरीर कई अन्य असामान्य संकेत भी देता है। आइए जानते हैं डायबिटीज के उन 5 लक्षणों के बारे में:
डायबिटीज के 5 असामान्य लक्षण, जो बताते हैं बढ़ा हुआ इंसुलिन
खाना खाने के बाद भी तुरंत भूख लगना
अगर आप भरपेट खाना खाने के महज दो या तीन घंटे बाद ही दोबारा तेज भूख महसूस करते हैं, तो यह बढ़ा हुआ इंसुलिन लेवल हो सकता है। यह शरीर में ब्लड शुगर का स्तर सही तरीके से नियंत्रित न होने का अप्रत्यक्ष संकेत है।
बार-बार मीठा खाने की तीव्र इच्छा (Sugar Craving)
यदि आपको बार-बार मीठा खाने का मन करता है और मीठा न मिलने पर सिर में दर्द, चिड़चिड़ापन या चक्कर आने जैसी समस्या होती है, तो इसका सीधा संबंध शरीर में इंसुलिन स्पाइक से हो सकता है।
लो एनर्जी और सुस्ती
भरपूर आहार और नींद लेने के बावजूद अगर आप हर समय थकान महसूस करते हैं या खाना खाते ही घंटों बिस्तर पर पड़े रहने का मन करता है, तो यह दर्शाता है कि आपका शरीर अंदरूनी स्ट्रेस से गुजर रहा है और ब्लड शुगर में उतार-चढ़ाव हो रहा है। बार-बार प्यास और पेशाब ही नहीं- फोर्टिस के डॉक्टर ने बताए डायबिटीज के ये 5 ‘साइलेंट’ संकेत, भूलकर भी न करें नजरअंदाज
ब्रेन फॉग (Brain Fog) और मानसिक थकान
इंसुलिन का स्तर असंतुलित होने पर दिमाग की कार्यप्रणाली प्रभावित होती है। ध्यान केंद्रित करने में परेशानी होना, छोटी-छोटी बातें भूलना, हाइपर-एक्टिविटी या हर समय मानसिक थकान महसूस होना ‘ब्रेन फॉग’ के लक्षण हैं, जो डायबिटीज से जुड़े हो सकते हैं।
कमर का साइज बढ़ना (Central Obesity)
मोटापा डायबिटीज का एक बड़ा मार्कर है। अगर आपके शरीर का फैट मुख्य रूप से कमर के आसपास जमा हो रहा है (कमर का साइज बढ़ना), तो इसे सेंट्रल ओबेसिटी कहते हैं। यह स्थिति टाइप-2 डायबिटीज के खतरे को बहुत तेजी से बढ़ा देती है।








