Bihar Boat Accident: बिहार के बाढ़ में उमानाथ गंगा घाट पर बड़ा नाव हादसा- नदी में डूबे 14 लोग; 2 शव बरामद, 5 अब भी लापता, रेस्क्यू जारी
Bihar Boat Accident: बिहार के बाढ़ में उमानाथ गंगा घाट पर बड़ा नाव हादसा- नदी में डूबे 14 लोग; 2 शव बरामद, 5 अब भी लापता, रेस्क्यू जारी
बाढ़ (पटना): बिहार में गंगा नदी के उमानाथ घाट पर गुरुवार (28 मई 2026) की सुबह एक बड़ा और भयावह नाव हादसा हो गया। तड़के सुबह दियारा इलाके की तरफ जा रही एक यात्री नाव अचानक अनियंत्रित होकर गहरे पानी में डूब गई। इस नाव पर कुल 14 लोग सवार थे।
स्थानीय गोताखोरों और प्रशासन की तत्परता से अब तक 7 लोगों को नदी से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, लेकिन इस हादसे में 2 लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है और उनके शव बरामद कर लिए गए हैं। नदी में लापता बाकी 5 लोगों की तलाश के लिए युद्धस्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
बीच नदी में अनियंत्रित होकर पलटी नाव: कैसे हुआ हादसा?
रोजमर्रा की तरह आज तड़के सुबह कुछ स्थानीय ग्रामीण और मजदूर बाढ़ के प्रसिद्ध उमानाथ गंगा घाट से नाव पर सवार होकर नदी के उस पार दियारा इलाके में खेती-बाड़ी और मजदूरी के लिए जा रहे थे।
नाव जैसे ही बीच गंगा नदी की तेज धारा के पास पहुंची, अचानक वह असंतुलित हो गई। जब तक नाविक नाव को संभाल पाता, देखते ही देखते पूरी नाव पानी में पलट गई। नाव पलटते ही घाट और नदी के बीच चीख-पुकार मच गई। घाट पर मौजूद कुछ स्थानीय मल्लाहों और तैरना जानने वाले लोगों ने तुरंत नदी में छलांग लगाई और 7 लोगों को डूबने से बचाकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
SDO गरिमा लोहिया और SDPO रामकृष्ण मौके पर मौजूद
हादसे की भयावहता को देखते हुए जिला व स्थानीय प्रशासन तुरंत पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। सूचना मिलते ही बाढ़ की SDO गरिमा लोहिया और SDPO रामकृष्ण भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ खुद उमानाथ गंगा घाट पर पहुंच चुके हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
युद्धस्तर पर सर्च ऑपरेशन: स्थानीय गोताखोरों के साथ-साथ SDRF (राज्य आपदा रिस्पांस बल) की टीमों को तुरंत नदी में उतारा गया है। पानी के तेज बहाव के बीच स्टीमर और आधुनिक उपकरणों की मदद से लापता 5 लोगों को ढूंढने की कोशिशें की जा रही हैं।
IPS Ramya Bharti Controversy: मासूम से दरिंदगी पर प्रेस कॉन्फ्रेंस से पहले IPS रम्या भारती की ‘हंसी’ पर मचा बवाल; सोशल मीडिया पर फूटा लोगों का गुस्सा
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल, घाट पर उमड़ी भारी भीड़
इस दर्दनाक हादसे की खबर जैसे ही आस-पास के गांवों में फैली, उमानाथ गंगा घाट पर हजारों लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। जिन लोगों के परिजन अब भी लापता हैं, उनका रो-रोकर बुरा हाल है। घाट पर मौजूद अधिकारी पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधा रहे हैं और राहत कार्य को तेज करने में जुटे हैं। प्रारंभिक अनुमान के मुताबिक, नाव पर क्षमता से अधिक बोझ होना या नदी के भीतर अचानक आए असंतुलन को हादसे की वजह माना जा रहा है, हालांकि प्रशासन की पहली प्राथमिकता अभी सभी लापता लोगों को ढूंढना है।

