नालंदा विद्यालय में विद्यार्थियों के बीच गूंजी स्वावलंबन और उद्यमिता की नई सोच,स्वदेशी जागरण मंच के स्वावलंबी भारत अभियान के अंतर्गत आयोजित हुआ उद्यमिता सम्मेलन

नालंदा विद्यालय में विद्यार्थियों के बीच गूंजी स्वावलंबन और उद्यमिता की नई सोच,स्वदेशी जागरण मंच के स्वावलंबी भारत अभियान के अंतर्गत आयोजित हुआ उद्यमिता सम्मेलन
कटनी। स्वदेशी जागरण मंच के स्वावलंबी भारत अभियान के अंतर्गत नालंदा विद्यालय में उद्यमिता सम्मेलन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में स्वदेशी, स्वावलंबन, उद्यमिता, रोजगार सृजन और नई सोच के प्रति जागरूकता विकसित करना रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।
विद्यालय नेतृत्व द्वारा विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास, नई सोच एवं भविष्य की संभावनाओं से जुड़े ऐसे आयोजनों को प्रोत्साहन देना कार्यक्रम की विशेषता रही।
कार्यक्रम के संयोजक श्री विकास जैन जी ने विद्यार्थियों के समक्ष स्वदेशी विषय रखते हुए स्थानीय संसाधनों, स्थानीय उत्पादों के उपयोग तथा आत्मनिर्भरता के महत्व पर प्रकाश डाला।
इसके पश्चात फ्रांस सह महिला कार्य प्रमुख श्रीमती वंदना गेलानी जी ने उद्यमिता विषय पर विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि उद्यमिता केवल व्यवसाय शुरू करने का नाम नहीं है, बल्कि नई सोच विकसित करना, अवसरों को पहचानना, समस्याओं का समाधान खोजना और अपने साथ दूसरों के लिए भी अवसर पैदा करना उद्यमिता की मूल भावना है।
कार्यक्रम में रोल मॉडल एवं इन्फ्लुएंसर के रूप में श्री अमन सुहाने जी ने विद्यार्थियों के साथ अपने अनुभव साझा किए। उनके अनुभवों ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा और क्षमता को पहचानने तथा लक्ष्य के प्रति निरंतर प्रयास करने का संदेश दिया।कार्यक्रम में उद्यमिता के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रयास के लिए यशिका ओचानी को सम्मानित किया गया।
माता-पिता के काम में हाथ बंटाने वाले विद्यार्थियों का सम्मान
कार्यक्रम का एक विशेष आकर्षण उन विद्यार्थियों का सम्मान रहा, जो पढ़ाई के साथ-साथ अपने माता-पिता के कार्य एवं व्यवसाय में सहयोग कर रहे हैं। इसके माध्यम से विद्यार्थियों में श्रम के सम्मान, पारिवारिक सहयोग और जिम्मेदारी की भावना को प्रोत्साहित किया गया।
इस अवसर पर अंशिका अनुवर्ती, अनायदा, एकलव्य रसहार, आर्यन गुप्ता, अनंत कोंदार एवं अर्णव सोनी को प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान श्री अंकित शुक्ला जी द्वारा संकल्प दिलाया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने स्वावलंबन, सकारात्मक सोच और राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के अंत में आकांक्षा बरसैया द्वारा आभार प्रदर्शन किया गया।
यह सम्मेलन विद्यार्थियों के लिए केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि अपने भीतर की क्षमता को पहचानने, नई सोच विकसित करने और भविष्य में अवसर पैदा करने की दिशा में एक सार्थक संवाद रहा।
कार्यक्रम में नालंदा विद्यालय की प्राचार्य श्रीमती जूही सीरवानी जी की विशेष सहभागिता रही। उनके सहयोग एवं मार्गदर्शन से कार्यक्रम का आयोजन सुचारु रूप से संपन्न हुआ। विद्यार्थियों को उद्यमिता एवं स्वावलंबन जैसे महत्वपूर्ण विषयों से जोड़ने के लिए विद्यालय द्वारा दिए गए सहयोग ने कार्यक्रम को सार्थक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम में विद्यालय की वाइस प्रिंसिपल सिंह मैडम की भी सहभागिता रही।








