Site icon Yashbharat.com

ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के करोड़ों रुपये खपाने वाला टैक्स सलाहकार पुलिस की गिरफ्त में

IMG 20241218 WA0017 1

ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के करोड़ों रुपये खपाने वाला टैक्स सलाहकार पुलिस की गिरफ्त मे

कटनी -पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा ( भा.पु.से.) के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. संतोष डेहरिया व नगर पुलिस अधीक्षक नेहा पच्चीसिया के मार्गदर्शन में थाना माधवनगर पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे की अवैध रकम को ठिकाने लगाने (Money Laundering) के मामले में पुलिस ने एक मुख्य कड़ी, टैक्स सलाहकार हिमांशु सोमवानी, को गिरफ्तार किया है।

मामले का विवरण और आरोपी का खुलासा: पुलिस द्वारा की गई बारीकी से पूछताछ में आरोपी हिमांशु सोमवानी ने सट्टे के इस काले कारोबार की परतों को खोलते हुए महत्वपूर्ण जानकारी दी है:
मुख्य मास्टरमाइंड से संबंध: हिमांशु ने स्वीकार किया कि वह मुख्य आरोपी योगेश बजाज के सीधे संपर्क में था। वह योगेश द्वारा ऑनलाइन सट्टे से कमाई गई काली कमाई को विभिन्न बैंक खातों के जरिए ‘कैश’ (नकद) में बदलकर वापस उपलब्ध कराता था।

फर्जी फर्मों का जाल: आरोपी ने बताया कि उसने अपने पिता के नाम पर रजिस्टर्ड फर्म ‘हितेश ट्रेडर्स’ (IDBI बैंक खाता) का उपयोग इस अवैध लेनदेन के लिए किया। जांच में पाया गया कि अकेले इस फर्म के खाते से लगभग 01 करोड़ रुपये का संदिग्ध ट्रांजेक्शन हुआ है।
पारिवारिक खातों का दुरुपयोग: आरोपी ने न केवल अपनी फर्म बल्कि अपनी बहन एकता सोमवानी की फर्म ‘प्रसून ऐश्वर्या इंटरप्राइजेज’ (सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक, कटनी) के खातों को भी योगेश बजाज के हवाले कर रखा था। इन खातों के माध्यम से सट्टे की रकम का लेनदेन कमीशन के आधार पर किया जाता था।

करोड़ों का ट्रांजेक्शन: पूछताछ के दौरान आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने योगेश बजाज, योगेश मूलचंदानी और उनके परिजनों के खातों से आने वाली सट्टे की राशि को मैनेज किया। जांच में अब तक कुल 2,12,00,000 (दो करोड़ बारह लाख) रुपये के संदिग्ध लेनदेन के प्रमाण मिले हैं।

विवेचना के दौरान पूर्व में तरुण मोटवानी, अवधेश गुप्ता और मनीष असरानी जैसे आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस अब हिमांशु सोमवानी द्वारा बताए गए अन्य संदिग्ध खातों और फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है।
सराहनीय भूमिका: इस जटिल वित्तीय धोखाधड़ी और सट्टा नेटवर्क का पर्दाफाश करने में थाना प्रभारी संजय दुबे, उपनिरीक्षक योगेश मिश्रा, नवीन नामदेव, आरक्षक उमाकान्त तिवारी, लोकेन्द्र सिंह, मणि सिंह, चालक नवीन शुक्ला एवं साइबर सेल कटनी की विशेष और सराहनीय भूमिका रही।

Exit mobile version