MP Board exam news: मध्य प्रदेश बोर्ड (MP Board exam) के 10वीं-12वीं के दिव्यांग विद्यार्थियों को लेखक लेने या खुद लिखने पर 20 मिनट प्रति घंटे के हिसाब से अतिरिक्त समय मिलेगा। साथ ही दिव्यांग (दृष्टिहीन, मानसिक विकलांग एवं हाथ की हड्डी टूट जाने) या हाथ की खराबी के कारण लिखने में असमर्थ विद्यार्थियों को लेखक चयन, विषय चयन, परीक्षा शुल्क में छूट व कंप्यूटर या टाइपराइटर चयन की सुविधाएं दी जाएंगी, लेकिन कंप्यूटर या टाइप राइटर में डाटा मौजूद नहीं होना चाहिए।
इस संबंध में मध्य प्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल (माशिमं) (MP Board exam) ने 10वीं व 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं में दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए विशेष व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। सभी दिव्यांग विद्यार्थियों को प्रायोगिक परीक्षा में बहुविकल्पीय प्रश्नों के आधार पर उनका मूल्यांकन करते हुए अंक प्रदान करना है। उनके लिए बहुविकल्पीय प्रश्न बाह्य मूल्यांकनकर्ता द्वारा तैयार किए जाएंगे।
इन सभी की जानकारी 31 जनवरी तक मंडल को भेजनी है। इनके लिए पर्यवेक्षक अलग से होंगे। परीक्षा केंद्र उन्हीं स्कूलों में बनाया जाए, जहां रैंप की सुविधा हो। साथ ही लेखक की शैक्षणिक योग्यता विद्यार्थियों से कम होनी चाहिए। साथ ही जिस स्कूल का परीक्षार्थी हो, उस संस्था का लेखक नहीं होना चाहिए। लेखक चुनने का अधिकार केंद्राध्यक्ष का है।
सामान्य रूप से एक बार चयनित लेखक को परिवर्तित नहीं किया जाए। विशेष परिस्थितियों में ही केंद्राध्यक्ष यदि आवश्यक समझें तो लेखक बदलने की अनुमति देकर इसकी सूचना मंडल मुख्यालय को भेजेंगे। परीक्षार्थी व लेखक के बैठने के लिए केंद्राध्यक्ष की अलग से व्यवस्था करें, ताकि अन्य परीक्षार्थी को कोई परेशानी न हो।
दो अलग पर्यवेक्षकों की व्यवस्था करें, जो यह देखेंगे कि लेखक वही लिख रहा है, जो परीक्षार्थी बोलता है। दिव्यांग परीक्षार्थियों के लिए परीक्षा केंद्र उन्हीं स्कूलों में बनाए सूचना 31 जनवरी तक मंडल को भेजनी होगी। – केडी त्रिपाठी, सचिव, माशिमं (MP Board exam)

