विद्यापति स्मृति समारोह के दूसरे दिन संगीत–साहित्य की रसधारा में डूबा कटनी
विद्यापति स्मृति समारोह के दूसरे दिन संगीत–साहित्य की रसधारा में डूबा कटन
कटनी-शासकीय तिलक स्नातकोत्तर महाविद्यालय, कटनी में भोजपुरी साहित्य अकादमी तथा मप्र सांस्कृतिक परिषद, भोपाल के सौजन्य से आयोजित दो दिवसीय विद्यापति स्मृति समारोह के दूसरे दिन का कार्यक्रम आज अत्यंत भावपूर्ण और आत्मिक वातावरण में सम्पन्न हुआ।
कार्यक्रम की शुरुआत आज भी कल की भांति मां सरस्वती के तैल-चित्र पर दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना के साथ हुई, जिसके उपरांत अतिथियों का पुष्पगुच्छ के साथ स्वागत किया गया।
आज के मुख्य आकर्षण में पटना से पधारे रजनीश झा द्वारा विद्यापति के पदों का सुमधुर गायन रहा। उनकी भावपूर्ण प्रस्तुति ने सभागार को भक्ति और माधुर्य से भर दिया। उनके साथ संगत करने वाले कलाकार। तबला: राकेश, बांसुरी: इमेज मिश्रा, कीबोर्ड: नरेश सह-गायन / संगत: विपिन विश्वकर्मा। इन सभी ने प्रस्तुतियों में ताल–लय का ऐसा सुंदर समन्वय दिया कि विद्यापति के पद जीवंत हो उठे।
आज के कार्यक्रम की मुख्य अतिथि शासकीय कन्या महाविद्यालय, कटनी की प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात रहीं। उन्होंने कहा—
“विद्यापति स्मृति समारोह केवल एक सांस्कृतिक आयोजन नहीं, बल्कि हमारी ऐतिहासिक साहित्यिक परंपरा के संरक्षण का महत्वपूर्ण माध्यम है। नई पीढ़ी को इन काव्य-धाराओं से जोड़ना समय की आवश्यकता है।”
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. सुनील कुमार वाजपेई ने कहा—
“विद्यापति स्मृति समारोह हमारे संस्थान की सांस्कृतिक समृद्धि का प्रतीक है। ऐसे आयोजनों से विद्यार्थियों में साहित्य, संगीत एवं लोककलाओं के प्रति संवेदना विकसित होती है। हम आगे भी इसी प्रकार पारंपरिक और आधुनिक कला-धाराओं के संरक्षण हेतु प्रयासरत रहेंगे।”
विद्यार्थियों की प्रस्तुति ने बढ़ाई छटा। तिलक महाविद्यालय के छात्रों ने भी विद्यापति के पदों और भजन-गीतों का गायन कर समारोह में चार चांद लगा दिए। विद्यार्थियों की सुरीली प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को भावपूर्ण और सांस्कृतिक आभा से भर दिया। मप्र संस्कृति परिषद से श्री ओमप्रकाश मैथिल आज के कार्यक्रम में उपस्थित रहें। कार्यक्रम में डॉ. माधुरी गर्ग (प्रशासनिक अधिकारी), प्रो. जी. एम. मुस्तफा, भूगोल विभागाध्यक्ष डॉ. व्ही. के. द्विवेदी, समाजशास्त्र विभाग से आर. पी. मिश्रा, राजनीति विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. के. पी. मिश्रा, अंग्रेजी विभागाध्यक्ष नाहिद सिद्दीकी, रसायनशास्त्र विभागाध्यक्ष श्री पुनर्वसु भट्टाचार्य, एनएसएस जिला संगठक डॉ. आर. पी. सिंह, पुस्तकालय अधिकारी श्री देवी प्रजापति, डॉ. उर्मिला दुबे, डॉ. प्रतिमा त्रिपाठी, डॉ. सूचि सिंह, डॉ. विजय कुमार, डॉ. सुशील मिश्रा सहित अनेक कर्मचारी एवं शिक्षक उपस्थित रहे।
एंकरिंग की सराहनीय भूमिका
आज के कार्यक्रम में मंच संचालन एवं एंकरिंग की भूमिका का सफल और प्रभावी निर्वहन सादात भारती द्वारा किया गया। उनकी सधी हुई प्रस्तुति ने पूरे समारोह को सुगठित, आकर्षक और सतत प्रवाहमान बनाए रखा।समारोह का यह दूसरा दिन साहित्य, संगीत और भक्ति रस से परिपूर्ण रहा। कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

