धार जिले के आदिवासी अंचल में ऐतिहासिक पल: छोटा उदयपुर रेल परियोजना हुई तैयार; 18 जुलाई से चार्ज होगी 25 KV विद्युत लाइन
धार जिले के आदिवासी अंचल में ऐतिहासिक पल: छोटा उदयपुर रेल परियोजना हुई तैयार; 18 जुलाई से चार्ज होगी 25 KV विद्युत लाइन

धार जिले के आदिवासी अंचल में ऐतिहासिक पल: छोटा उदयपुर रेल परियोजना हुई तैयार; 18 जुलाई से चार्ज होगी 25 KV विद्युत लाइन
धार: मध्य प्रदेश के धार जिले के लिए रेल कनेक्टिविटी के लिहाज से एक बड़ी और ऐतिहासिक खुशखबरी है। अब तक जिले के लोग केवल इंदौर–दाहोद रेल परियोजना की प्रगति ही देख पा रहे थे, लेकिन अब पहली बार धार–छोटा उदयपुर रेल परियोजना भी धरातल पर वास्तविकता का रूप लेती नजर आ रही है। परियोजना के तहत टांडा रोड तक रेलवे ट्रैक बिछाने, स्टेशन निर्माण और विद्युतीकरण (Electrification) का काम पूरी तरह मुकम्मल कर लिया गया है।
18 जुलाई से दौड़ेगा हाई-वोल्टेज करंट, रेलवे ने जारी की चेतावनी
रेलवे प्रशासन ने इस रूट पर ट्रेन संचालन की दिशा में सबसे बड़ा कदम उठा लिया है। विभाग द्वारा जारी सार्वजनिक सूचना के अनुसार:
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25 केवी ओवरहेड लाइन: आगामी 18 जुलाई या उसके बाद कभी भी टांडा रोड सेक्शन पर 25,000 वोल्ट (25 KV) की ओवरहेड विद्युत लाइन को चार्ज यानी चालू कर दिया जाएगा।
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सुरक्षा परीक्षण: विद्युत लाइन चालू होने के तुरंत बाद सुरक्षा मानकों की जांच और तकनीकी परीक्षण (Safety Inspections) शुरू कर दिए जाएंगे।
जनहित में जारी चेतावनी: रेलवे ने ट्रैक के आसपास रहने वाले ग्रामीणों और नागरिकों को सतर्क रहने की हिदायत दी है, क्योंकि 18 जुलाई से ओएचई (OHE) लाइनों में हाई-वोल्टेज करंट प्रवाहित होगा। धार जिले के आदिवासी अंचल में ऐतिहासिक पल: छोटा उदयपुर रेल परियोजना हुई तैयार; 18 जुलाई से चार्ज होगी 25 KV विद्युत लाइन
अगस्त में यात्री ट्रेन का ट्रायल, गुजरात से सीधा जुड़ेगा धार
यदि सुरक्षा परीक्षण और तकनीकी जांच योजना के मुताबिक सफल रहती है, तो परियोजना अपने अंतिम चरण में पहुंच जाएगी:
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अगस्त में ट्रायल रन: उम्मीद जताई जा रही है कि अगस्त महीने में टांडा रोड से छोटा उदयपुर के बीच पहली बार यात्री ट्रेन संचालन के लिए फाइनल ट्रायल रन किया जा सकता है।
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गुजरात से सीधा संपर्क: इस रूट के शुरू होते ही धार जिले के सुदूर आदिवासी अंचल के लोगों का सीधे गुजरात राज्य से रेल संपर्क स्थापित हो जाएगा, जिससे व्यापार, रोजगार और आवागमन को अभूतपूर्व रफ्तार मिलेगी।
धार जिले के इस पिछड़े क्षेत्र के लिए यह रेल लाइन आर्थिक और सामाजिक विकास के नए द्वार खोलने वाली साबित होगी।








