दिल्ली में राशन का ‘डिजिटल कायाकल्प’: अब अंगूठा लगाने का झंझट खत्म, ‘फेस स्कैन’ से मिलेगा अनाज; 17 लाख परिवारों को तोहफा
नई दिल्ली: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को पूरी तरह से आधुनिक, हाई-टेक और पारदर्शी बनाने के लिए दिल्ली सरकार जल्द ही स्मार्ट-पीडीएस (Smart Public Distribution System) लागू करने जा रही है। सरकार के मुताबिक, इस नई व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य राशन वितरण में होने वाली सभी प्रकार की गड़बड़ियों, कालाबाजारी और भ्रष्टाचार को जड़ से खत्म करना तथा आम जनता को घर बैठे बेहतर सुविधाएं देना है।
क्या है स्मार्ट राशन सिस्टम और कैसे करेगा काम?
अब तक राशन लेने के लिए कार्ड धारकों को दुकानों के चक्कर काटने पड़ते थे और लंबी लाइनों में लगना पड़ता था। कई बार राशन न मिलने या देरी से मिलने की शिकायतें भी आती थीं। नई स्मार्ट प्रणाली पूरी तरह से डिजिटल होगी राशन कार्ड धारक अपने मोबाइल या ऑनलाइन पोर्टल के जरिए यह लाइव देख सकेंगे कि उनका राशन कब, कहाँ और कितना जारी हुआ है। राशन की राशन दुकान तक पहुंचने की पूरी ट्रैकिंग ऑनलाइन उपलब्ध होगी, जिससे लोगों को बार-बार दुकान जाकर पता करने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
अब क्यूआर कोड (QR Code) वाला ‘स्मार्ट राशन कार्ड’
सरकार पुराने पारंपरिक कागजी राशन कार्डों को बंद कर उनकी जगह स्मार्ट राशन कार्ड जारी करेगी, जिसमें निम्नलिखित विशेषताएं होंगी कार्ड पर एक विशिष्ट क्यूआर कोड होगा। कार्ड में परिवार की पूरी डिजिटल जानकारी इनबिल्ट होगी।कोटेदार (राशन दुकानदार) द्वारा कार्ड स्कैन करते ही परिवार की पूरी पात्रता स्क्रीन पर आ जाएगी।अब राशन कार्ड में किसी नए सदस्य का नाम जोड़ना हो या किसी मृत/विवाहित सदस्य का नाम हटाना हो, ये सभी काम ऑनलाइन हो सकेंगे। जनता को सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे।
अंगूठा लगाने का झंझट खत्म, अब ‘फेस स्कैन’ से मिलेगा अनाज
तकनीक को और सुरक्षित बनाने के लिए इस सिस्टम में बायोमेट्रिक फेस रिकग्निशन (Face Recognition) तकनीक को जोड़ा गया हैराशन लेते समय अब लाभार्थी के चेहरे की पहचान (फेस स्कैन) की जाएगी इससे किसी दूसरे के नाम पर फर्जी राशन उठाने या कोटेदारों द्वारा की जाने वाली हेराफेरी पर पूरी तरह से रोक लग जाएगी।
16 सदस्यों की UAT कमेटी करेगी सिस्टम की निगरानी
इस बड़े सिस्टम को बिना किसी तकनीकी खामी के लॉन्च करने के लिए सरकार ने पुख्ता तैयारी की है: दिल्ली में राशन का ‘डिजिटल कायाकल्प’: अब अंगूठा लगाने का झंझट खत्म, ‘फेस स्कैन’ से मिलेगा अनाज; 17 लाख परिवारों को तोहफा
अधिकारियों की सख्त निगरानी: स्मार्ट-पीडीएस को जनता के बीच लाइव करने से पहले 16 सदस्यों की एक UAT (User Acceptance Testing) कमेटी का गठन किया गया है। दिल्ली के सभी 13 जिलों के प्रशासनिक अधिकारी इस सिस्टम के हर तकनीकी पहलू को जांचेंगे और सुनिश्चित करेंगे कि यह आम लोगों के लिए बेहद आसान और त्रुटिहीन (Error-free) तरीके से काम करे।
‘वन नेशन, वन राशन कार्ड’ से पूरे देश में मिलेगा राशन
इस स्मार्ट सिस्टम के लागू होने के बाद दिल्ली का राशन कार्ड पूरी तरह से नेशनल पोर्टेबिलिटी के अनुकूल हो जाएगा। वन नेशन, वन राशन कार्ड (ONORC) योजना के तहत दिल्ली का कोई भी कार्ड धारक यदि रोजगार या किसी अन्य कारण से देश के किसी भी दूसरे राज्य में जाता है, तो वह वहां की सरकारी राशन दुकान से भी बेहद आसानी से अपना अनाज ले सकेगा।
सरकार का दावा है कि इस क्रांतिकारी कदम से दिल्ली का राशन वितरण मॉडल देश के सबसे सुरक्षित और सुविधाजनक डिजिटल मॉडलों में से एक बन जाएगा।
– यशभारत डॉट कॉम








