Datia Upchunav: दतिया में 5 राउंड की गिनती पूरी, कांग्रेस के घनश्याम सिंह 525 वोटों से आगे; बीजेपी के आशुतोष पिछड़े
Datia: दतिया में 5 राउंड की गिनती पूरी, कांग्रेस के घनश्याम सिंह 525 वोटों से आगे; बीजेपी के आशुतोष पिछड़े
Datia Upchunav: दतिया में 5 राउंड की गिनती पूरी, कांग्रेस के घनश्याम सिंह 525 वोटों से आगे; बीजेपी के आशुतोष पिछड़े
दतिया : मध्य प्रदेश की हाई-प्रोफाइल दतिया विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव की मतगणना जारी है। शुरुआती दौर में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार आशुतोष तिवारी ने बढ़त बनाकर शुरुआत की थी, लेकिन राउंड बढ़ने के साथ ही कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने वापसी करते हुए बढ़त हासिल कर ली है। पांचवें राउंड की गिनती समाप्त होने के बाद कांग्रेस के घनश्याम सिंह अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी बीजेपी के आशुतोष तिवारी से 525 वोटों से आगे चल रहे हैं।
LIVE Updates: पांचवें राउंड के बाद स्थिति
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पाँचवाँ राउंड: कांग्रेस के घनश्याम सिंह 525 वोटों की बढ़त बनाए हुए हैं। हालाँकि पिछले राउंड की तुलना में बढ़त का मार्जिन थोड़ा कम हुआ है, लेकिन बढ़त लगातार कांग्रेस के पक्ष में बनी हुई है।
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शुरुआती दौर में बीजेपी आगे: पहले राउंड में बीजेपी के आशुतोष तिवारी ने 1,184 वोटों से शुरुआती बढ़त बनाई थी, लेकिन चौथे और पांचवें राउंड तक आते-आते रुझान कांग्रेस के पक्ष में मुड़ गया।
क्यों हुआ दतिया में उपचुनाव?
साल 2023 के विधानसभा चुनाव में दतिया सीट से कांग्रेस के राजेंद्र भारती ने जीत दर्ज की थी और बीजेपी के कद्दावर नेता व पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को हराया था।
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विधायकी रद्द होना: चुनाव जीतने के बाद राजेंद्र भारती को एक पुराने आपराधिक मामले में सजा सुना दी गई, जिसके चलते नियमानुसार उनकी विधानसभा सदस्यता रद्द हो गई।
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नए चेहरों पर दांव: राजेंद्र भारती के अयोग्य घोषित होने के बाद कांग्रेस ने पूर्व विधायक घनश्याम सिंह को अपना प्रत्याशी बनाया। वहीं, बीजेपी ने पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा की जगह नए और युवा चेहरे आशुतोष तिवारी पर दांव खेला।
कांग्रेस में अंदरूनी कलह और आरोप-प्रत्यारोप
चुनाव के नतीजों से इतर, दतिया में कांग्रेस की अंदरूनी गुटबाजी खुलकर सामने आ चुकी है:
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राजेंद्र भारती का निष्कासन: पार्टी ने पूर्व विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त कर दी थी।
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गंभीर आरोप: पार्टी से बाहर किए जाने के बाद राजेंद्र भारती ने मौजूदा कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह पर बीजेपी के साथ मिलीभगत कर चुनाव लड़ने के गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने स्पष्ट कहा है कि वह 2028 के विधानसभा चुनाव में अपना दम दिखाएंगे।
राजनीतिक मायने: 2028 चुनाव और मोहन यादव सरकार की साख
यद्यपि दतिया उपचुनाव का परिणाम मध्य प्रदेश में मोहन यादव सरकार के बहुमत या स्थिरता पर कोई असर नहीं डालेगा, लेकिन इसके राजनीतिक मायने बेहद अहम हैं:
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बीजेपी के लिए चिंता: नरोत्तम मिश्रा का टिकट काटकर नए प्रत्याशी को उतारने के बाद यदि बीजेपी को यहां हार मिलती है, तो यह संगठन और स्थानीय नेतृत्व के लिए बड़ा झटका माना जाएगा।
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2028 की कसौटी: 2023 में बीजेपी के प्रचंड बहुमत के बाद शिवराज सिंह चौहान की जगह मोहन यादव को मुख्यमंत्री बनाया गया था। 2028 के आगामी विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री मोहन यादव के नेतृत्व की परीक्षा होगी, जिसकी झलक इन उपचुनावों में देखी जा रही है।
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कांग्रेस की वापसी की कोशिश: 2018 में अल्पकालिक सत्ता में रहने के बाद 2023 में शिकस्त झेलने वाली कांग्रेस के लिए दतिया में जीत 2028 के लिए कार्यकर्ताओं में नए उत्साह का संचार करेगी।








