सत्तन ने आडियो में वरिष्ठ नेताओं की उपेक्षा पर नाराजगी जाहिर की थी। इधर, वरिष्ठ भाजपा नेता भंवरसिंह शेखावत ने भी इसी मुद्दे को लेकर असंतोष जताया था।

इसके बाद मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने दोनों नेताओं को चर्चा के लिए भोपाल बुला लिया है।

सत्तन ने फिलहाल भोपाल जाने से इन्कार कर दिया। उनका कहना है कि उन्होंने मुख्यमंत्री को बता दिया है कि वे पारिवारिक कार्यक्रम में व्यस्त हैं। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जब समय मिले आप आ जाएं, चर्चा करना है।

मीडिया से चर्चा करते हुए सत्यनारायण सत्तन ने कहा कि मैंने कुछ गलत नहीं कहा है। जो सच था वही कहा है। क्या सचाई को झुठलाया जा सकता है। जो दूसरी पार्टियों से भाजपा में आ रहे हैं उन्हें पद और सम्मान दिया जा रहा है।

इसका अर्थ है कि जो आ रहे वे अपनी शर्तों पर भाजपा में आ रहे हैं। ऐसे में पार्टी के जमीनी कार्यकर्ता की अनदेखी हो रही है। जो कार्यकर्ता वर्षों से पार्टी के लिए दरियां उठा रहा है, वह आहत है।

क्या भाजपा को इंदौर में एक भी ऐसा कार्यकर्ता नहीं मिला जो इंदौर विकास प्राधिकरण को संभाल सके।