Latest

वन्यजीव तस्करी पर CBI और DRI का बड़ा प्रहार: 53 दुर्लभ जानवर और पक्षी बचाए गए; मुंबई-कोलकाता से 6 तस्कर गिरफ्तार

वन्यजीव तस्करी पर CBI और DRI का बड़ा प्रहार: 53 दुर्लभ जानवर और पक्षी बचाए गए; मुंबई-कोलकाता से 6 तस्कर गिरफ्तार

वन्यजीव तस्करी पर CBI और DRI का बड़ा प्रहार: 53 दुर्लभ जानवर और पक्षी बचाए गए; मुंबई-कोलकाता से 6 तस्कर गिरफ्तार

मुंबई/कोलकाता: देश की दो प्रमुख केंद्रीय जांच एजेंसियों— सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) और डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI)— ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर अंतर-राज्यीय वन्यजीव तस्करी रैकेट का पर्दाफाश किया है. इस हाई-प्रोफाइल कार्रवाई में टीम ने कुल 53 संरक्षित और अत्यंत दुर्लभ वन्यजीवों व पक्षियों को तस्करों के चंगुल से सुरक्षित बचाया है.

ये सभी जीव ‘वाइल्डलाइफ (प्रोटेक्शन) एक्ट, 1972’ की अनुसूची-I (Schedule-I) के तहत सूचीबद्ध हैं, जिन्हें भारतीय कानून में सबसे उच्च स्तर की सुरक्षा प्राप्त है.

रेस्क्यू किए गए जीवों की सूची

इस संयुक्त कार्रवाई के दौरान बचाए गए 53 जीवों में अंतरराष्ट्रीय बाजार में ऊंचे दामों पर बिकने वाली निम्नलिखित प्रजातियां शामिल हैं:

  • 15 स्लो लोरिस (Slow Loris)

  • 2 बिंटुरोंग (Binturong – एशियन बियरकैट)

  • 28 स्टार कछुए (Star Tortoises)

  • 6 इजिप्टियन गिद्ध (Egyptian Vultures)

  • 2 शिकरा पक्षी (Shikra Birds)

खुफिया इनपुट पर दो राज्यों में छापेमारी

यह सफल ऑपरेशन महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के कई ठिकानों पर एक साथ चलाया गया. दरअसल, DRI मुंबई को एक पुख्ता खुफिया जानकारी मिली थी कि देश में प्रतिबंधित जीवों की अवैध खरीद-फरोख्त करने वाला एक बड़ा सिंडिकेट सक्रिय है.

इस इनपुट के आधार पर सीबीआई ने फौरन एक्शन लिया और दो अलग-अलग आपराधिक मामले दर्ज किए. इसके बाद मुंबई और कोलकाता में ताबड़तोड़ छापेमारी कर कुल 6 आरोपियों को दबोच लिया गया.

गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम:

  • मुंबई से: नोमान खान, मो. फारूक और इंशा शकील.

  • कोलकाता से: सैकत बिस्वास, मिथुन मंडल उर्फ ​​हिमांशु मंडल और अर्जुन मंडल.

देश के अलग-अलग हिस्सों से जुटाए थे जीव

जांच के मुताबिक, गिरफ्तार तस्करों के खिलाफ वाइल्डलाइफ (प्रोटेक्शन) एक्ट, 1972 और भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धाराओं के तहत आपराधिक साजिश रचने का मामला दर्ज किया गया है. पूछताछ में सामने आया है कि इन तस्करों ने अवैध व्यापार और विदेशों में तस्करी के उद्देश्य से भारत के अलग-अलग जंगलों व कोनों से इन दुर्लभ जीवों को इकट्ठा किया था.

वन विभाग को सौंपे गए सभी जीव

सीबीआई और डीआरआई ने कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी 53 जीवों को सुरक्षित रखने, उनका मेडिकल परीक्षण करने और उचित देखभाल के लिए महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल के वन विभागों (Forest Departments) के सुपुर्द कर दिया है.

दोनों केंद्रीय एजेंसियों की यह संयुक्त और त्वरित कार्रवाई यह दर्शाती है कि देश के बहुमूल्य पर्यावरण और वन्यजीवों को बचाने के लिए कानून प्रवर्तन एजेंसियां कितनी मुस्तैदी से काम कर रही हैं. फिलहाल, इस रैकेट के अंतरराष्ट्रीय संपर्कों को खंगालने के लिए मामले की गहन जांच जारी है.

Back to top button