हाईकोर्ट के 50 हजार रुपये के जुर्माने के बाद एक्शन: इंदौर कलेक्टर ने महू SDM राकेश परमार को हटाया, विनोद राठौड़ बने नए SDM
इंदौर: मध्य प्रदेश के इंदौर जिले में प्रशासनिक लापरवाही पर कलेक्टर शिवम वर्मा ने बड़ी कार्रवाई की है। महू के उपमंडलीय मजिस्ट्रेट (SDM) राकेश परमार पर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट द्वारा 50,000 रुपये का जुर्माना लगाए जाने के बाद उन्हें पद से हटा दिया गया है।
राकेश परमार को महू SDM के पद से हटाकर कलेक्टरेट (प्रशासनिक संकुल) में अटैच कर दिया गया है। फिलहाल उन्हें किसी भी शाखा का प्रभार नहीं सौंपा गया है और वे कलेक्टर द्वारा दिए जाने वाले विशेष कार्यों को देखेंगे।
क्यों हुई कार्रवाई? (कार्रवाई का मुख्य कारण)
यह पूरा मामला महू तहसील के बरड़िया गांव की लगभग एक हेक्टेयर जमीन पर कब्जे से जुड़ा हुआ है:
तहसीलदार के आदेश के खिलाफ की गई अपील पर SDM राकेश परमार ने पहले स्टे (रोक) लगाया था, जिसे बाद में अचानक हटा दिया गया।आरोप था कि रोक हटाने के लिए किसी भी पक्ष ने कोई आधिकारिक आवेदन नहीं दिया था।इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई। कोर्ट ने रोक हटाने का कानूनी आधार मांगा, लेकिन लगातार निर्धारित तारीखों पर जवाब दाखिल नहीं किया गया। जवाब न देने और लापरवाही बरतने पर हाईकोर्ट ने 50,000 रुपये का जुर्माना ठोका, जिसके बाद कलेक्टर ने यह सख्त कदम उठाया।
इंदौर में बड़े पैमाने पर प्रशासनिक फेरबदल
SDM परमार को हटाए जाने के साथ ही कलेक्टर ने जिले की प्रशासनिक व्यवस्था और कई तहसीलों में बड़ा फेरबदल किया है:
SDM स्तर पर नए प्रभार:
- विनोद राठौड़: प्रोटोकॉल अधिकारी से अब नए SDM महू बनाए गए हैं।
- अजय भूषण शुक्ला: बिचौली हप्सी के दायित्व से मुक्त कर प्रोटोकॉल की जिम्मेदारी सौंपी गई।
- रोशनी पाटीदार (संयुक्त कलेक्टर): बिचौली हप्सी का नया प्रभार दिया गया।
तहसीलों और शाखाओं में फेरबदल:
- सपना शर्मा: जूनी इंदौर की नई तहसीलदार बनीं (राकेश सस्तीया को सत्कार शाखा भेजा गया)।
- योगेंद्र सिंह राठौर: भू-अभिलेख से जूनी इंदौर के नायब तहसीलदार बनाए गए।
- अशोक परमार: नायब तहसीलदार, भू-अभिलेख शाखा भेजे गए।
- विकास रघुवंशी: बिचौली हप्सी के नए तहसीलदार बने।
- राजेश सोनी: अपर तहसीलदार, खुड़ैल का दायित्व संभाला।
- योगेश मेश्राम: तहसीलदार, देपालपुर (कार्य दंडाधिकारी)।
- नागेंद्र त्रिपाठी: नायब तहसीलदार, सांवेर टप्पा शिप्रा।
- अनिल पटेल: खुड़ैल में कार्यपालिक दंडाधिकारी।
- अखिलेश कुमार सरमंडल: नायब तहसीलदार, महू टप्पा सिमरोल।
- यशदीप रावत: शिकायत शाखा का दायित्व सौंपा गया।











