जयपुर। आखिरकार सलमान खान मुंबई में अपने घर पहुंच गए। बालकनी में परिवार के साथ आकर सलमान खान ने घर के बाहर जमा प्रशंसकों का हाथ हिलाकर अभिवादन करने के साथ ही उनका शुक्रिया अदा किया।काला हिरण शिकार मामले में जोधपुर सेंट्रल जेल में बंद सलमान खान को बड़ी राहत देते हुए जोधपुर सेशंस कोर्ट ने शनिवार को उन्हें जमानत दे दी थी।
वह रात करीब 7.50 बजे मुंबई एयरपोर्ट पहुंचे। यहां पहुंचकर उन्होंने अपने भांजे को सबसे पहले गोद में उठाया और घर के लिए रवाना हो गए थे। ट्रैफिक पुलिस ने घर के रास्ते को वन वे कर दिया था। इसके साथ ही एहतियातन सलमान के घर के बाहर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई थी।
सलमान के घर के बाहर सैकड़ों की तादात में प्रशंसकों का जमावड़ा लगा गया था। बताते चलें कि जमानत मिलने के बाद वह शनिवार की शाम को ही जोधपुर एयरपोर्ट से मुंबई के लिए रवाना हो गए थे। उनकी रिहाई के ऑर्डर कोर्ट से जारी किए जाने के बाद शाम करीब 5.35 बजे जेल से रिहा कर दिया गया।
जेल में ऑफिस बंद होने के चार मिनट पहले ही सलमान की रहाई का ऑर्डर लेकर शेरा पहुंच गए थे। अगर, थोड़ी और देर हो जाती, तो सलमान को सोमवार तक जेल में ही बिताने पड़ते। इस बीच एयरपोर्ट रोड को खाली करा लिया गया था। जोधपुर में सलमान की कार के पीछे हजारों की तादात में लोग चल रहे थे। सलमान की एक झलक पाने के लिए लोगों का जुनून देखने लायक था। रास्ते में फूलों की बारिश भी सलमान की कार पर की गई।
इससे पहले ही दोनों बहनें अलवीरा और अर्पिता एयरपोर्ट पहुंच चुकी थीं। यहां से उन्हें मुंबई ले जाने के लिए चार्टेड विमान पहले से तैयार रखा गया था। बताते चलें कि सलमान को 50 हजार के निजी मुचलके पर जमानत दी है। सलमान के परिवार के दो लोगों को जेल में जाने की इजाजत दी गई थी। इसके साथ ही सुरक्षा कारणों से कार को जेल परिसर तक ले जाने की इजाजत भी दी गई थी।
जज के फैसले के साथ ही कोर्ट रूम में बैठे सलमान के वकीलों के अलावा उनकी बहनों अर्पिता और अल्विरा के चेहरे पर राहत नजर आई। फैसले के बाद बाहर आए सलमान के वकील हस्तीमल सारस्वत ने मीडिया से कहा कि हमें न्याय मिला है।
सलमान को जमानत मिलने की खबर बाहर आते ही उनके फैन्स खुशी से झूम उठे, सड़कों पर लोग खुशी मनाते दिखे और सेंट्रल जेल के बाहर भी भीड़ एकत्रित हो गई थी।
सलमान पर यह फैसला पहले लंच के बाद आने वाला था, लेकिन लंच खत्म होने के बाद जज रविंद्र जोशी ने संदेश भिजवाया कि अब वो 3 बजे फैसले सुनाएंगे। इससे पहले कोर्ट रूम में सलमान के वकील और सरकारी वकील ने अपनी-अपनी दलीलें पेश कीं, जिसके बाद जज जोशी ने लंच के बाद फैसला सुनाने की बात कही थी।
इससे पहले सुबह 10.30 बजे कोर्ट लगने के साथ ही जज ने दोनों ही पक्षों को फिर से अपनी दलीलें रखने के लिए कहा। इस दौरान सलमान के वकीलों ने अपनी बात दोहराते हुए कहा कि उन्हें गलत फंसाया जा रहा है। सलमान हर पेशी पर आए हैं। आर्म्स एक्ट मामले में भी उन्हें निर्दोष ठहराया गया था ऐसे में उनकी सजा सस्पेंड की जाए।
वहीं सरकारी वकील ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि मामला अन्य केस से अलग है और इसमें प्रत्यक्षदर्शी भी हैं ऐसे में सलमान को जमानत न दी जाए क्योंकि वो देषी हैं। दोनों पक्षों को सुनने के बाद जज रविंद्र जोशी ने कुछ देर रुककर कहा कि उनका ट्रांसफर हो चुका है, ऐसे में वो केस को लेकर कोई फैसला नहीं दे सकते। मगर, जमानत को लेकर फैसला लंच के बाद सुनाएंगे।
जज के ट्रांसफर के बाद सस्पेंस बना हुआ था कि क्या जज रविंद्र जोशी ही सलमान पर फैसला देंगे या फिर किसी अन्य जज को केस ट्रांसफर करेंगे। इससे पहले जब जज रविंद्र जोशी कोर्ट स्थित अपने चैंबर में मौजूद थे, तब यहां उनसे मुलाकात करने के लिए सीजेएम कोर्ट के जज खत्री भी पहुंचे थे। जज खत्री ने ही सलमान को इस मामले में 5 साल की सजा सुनाई थी।
मालूम हो राजस्थान में शुक्रवार रात एक साथ 87 जजों के तबादले कर दिए। इनमें जोधपुर सेशन कोर्ट के जज रवींद्र कुमार जोशी भी हैं। उनकी जगह चंद्रशेखर शर्मा को सेशन जज बनाया गया है।
गौरतलब है कि जज जोशी ने जमानत पर शुक्रवार को फैसला शनिवार तक के लिए सुरक्षित कर लिया था। सलमान को जोधपुर के निकट कांकणी गांव में एक अक्टूबर, 1998 की रात दो काले हिरण की गोली मारकर हत्या करने के अपराध में गुरुवार को पांच साल जेल और दस हजार जुर्माने की सजा सुनाई गई। यह घटना “हम साथ साथ हैं” फिल्म की शूटिंग के दौरान हुई थी।
मामले में सलमान के साथी कलाकार सैफ अली खान, तब्बू, नीलम, सोनाली बेंद्रे और एक स्थानीय व्यक्ति दुष्यंत सिंह भी आरोपित थे, जिन्हें “संदेह का लाभ” देते हुए बरी कर दिया गया है।
जेल में मिलने आए सितारे
जोधपुर सेंट्रल जेल में सलमान से मिलने को फिल्मी दुनिया से जुड़े लोगों का पहुंचना शुरू हो गया था। इसी कड़ी में अभिनेत्री प्रीति जिंटा शुक्रवार दोपहर 12ः05 बजे जोधपुर एयरपोर्ट पर उतरकर सीधे सेंट्रल जेल पहुंची थीं। सलमान की बहन अलवीरा और अर्पिंता भी जेल में सलमान से मिलने गई थीं।
नियम के अनुसार, जेल में बंद किसी भी कैदी से दिन में एक या फिर दो लोग ही जेल प्रशासन की अनुमति और सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद ही मिल सकते हैं, लेकिन जेल प्रशासन ने न तो प्रीति जिंटा की तलाशी ली और ना ही रजिस्टर में उनके हस्ताक्षर कराए।
प्रीति जिंटा को कोई न देख पाए, इसलिए उनकी कार के शीशों पर अखबार लगा दिया गया था। उनकी कार सीधे जेल के मुख्य द्वार तक पहुंची और वह बिना किसी जांच के अंदर चली गईं। बताया जाता है कि प्रीति के साथ पुलिस और जेल प्रशासन के दो अधिकारी भी थे।
बहनों ने कोर्ट की कार्यवाही से कराया अवगत-
जोधपुर सेशन कोर्ट में सलमान की जमानत याचिका पर सुनवाई शनिवार तक के लिए टल जाने के बाद उनकी दोनों बहनें अलवीरा और अर्पिंता जेल पहुंची थीं। जेल से जुड़े सूत्रों के मुताबिक दोनों बहनों से मिलने के लिए सलमान खान को जेलर के कमरे में लाया गया। दोनों बहनों ने शुक्रवार को कोर्ट की कार्यवाही के बारे में उनको बताया और फिर आगामी रणनीति को लेकर उनसे चर्चा की थी।
बॉडीगॉर्ड के साथ अन्य भी पहुंचे मिलने-
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह सलमान खान का बॉडीगॉर्ड शेरा और दो अन्य लोग भी जेल पहुंचे थे। फिल्म निर्माता साजिद नाडियावाला के भी जोधपुर पहुंचने की बात कही जा रही थी। नियमों को दरकिनार कर इतने लोगों की सलमान खान से मुलाकात कराने को लेकर जेल डीआईजी विक्रम सिंह से जब सवाल किया गया, तो वह कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हुए।

