इंदौर। देवास-शाजापुर क्षेत्र से लोकसभा चुनाव में पराजित कांग्रेस प्रत्याशी कबीर भजन गायक प्रल्हादसिंह टिपानिया ने संगठन पर ही सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रदेश कांग्रेस के सह प्रभारी संजय कपूर के सामने भी इस बारे में टिपानिया ने शिकायत की है। कपूर समेत संगठन के तमाम लोग लोकसभा चुनाव की हार की समीक्षा कर रहे हैं। टिपानिया ने आरोप लगाया कि संगठन सिर्फ कागजों पर नजर आता है। अनुसूचित जाति वर्ग के प्रत्याशी के लिए ऊंची जाति के पदाधिकारी-कार्यकर्ता जमीन पर काम नहीं करते।
दो दिन से इंदौर में संजय कपूर समेत कांग्रेस के तमाम पदाधिकारी और प्रदेश के मंत्री इंदौर-उज्जैन संभाग की सीटों पर हुई हार का मंथन करने में जुटे हैं। इस दौरान प्रत्याशियों के साथ ही संगठन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से भी हार के कारण पूछे जा रहे हैं।
कपूर से चर्चा के बाद मीडिया से बात करते हुए टिपानिया ने कहा कि मेरा राजनीति से कोई ताल्लुक नहीं था। न ही मैं निजी फायदे के लिए राजनीति में आया हूं। मैंने चुनाव के दौरान जमीन पर जो देखा वही सब बता दिया। संगठन के लोग काम करते नजर नहीं आए। ऊंची जातियों के पदाधिकारियों की सोच मैंने देखी। ऐसी सीट जो आरक्षित श्रेणी की है उस पर वे मन से काम नहीं करते हैं। उनकी सोच होती है कि जब हमें सीट से मौका मिलना ही नहीं है तो उस पर काम क्यों करें?
उन्होंने कहा कि मैंने संगठन को बता दिया है। आगे भी पूछा जाएगा तो खुलकर इसी तरह बताऊंगा। बयान के बाद कयास लगाए जा रहे हैं कि टिपानिया राजनीति को अलविदा कह सकते हैं। हालांकि इस बारे में बोलने से बचते हुए उन्होंने कहा कि जब पल की खबर नहीं है तो कल की बात कैसे कर सकते हैं। मेरा उद्देश्य सेवा करना है और मैं सेवा करता रहूंगा।

