मध्य प्रदेश में जल्द लागू होगी ‘शहरी किफायती आवास एवं पर्यावास नीति’, आमजन और विशेषज्ञों से मांगे गए सुझाव
भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार प्रदेश के शहरों में बढ़ती आवास की जरूरतों को पूरा करने और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (EWS) एवं निम्न आय वर्गों को किफायती घर उपलब्ध कराने के लिए एक नई ‘शहरी किफायती आवास एवं पर्यावास नीति’ (Urban Affordable Housing Policy) लेकर आ रही है। नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा इस प्रस्तावित नीति का प्रारूप (Draft) जारी कर दिया गया है तथा इस पर विशेषज्ञों और आम नागरिकों से सुझाव व आपत्तियां मांगी गई हैं।
नीति के प्रमुख बिंदु एवं उद्देश्य
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निजी निवेश को प्रोत्साहन: इस नीति का मुख्य उद्देश्य रियल एस्टेट और आवास क्षेत्र में निजी निवेश (Private Investment) को आकर्षित करना और बढ़ावा देना है।
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PMAY Urban 2.0 से जुड़ाव: यह नीति केंद्र सरकार की ‘प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0’ के विजन और उद्देश्यों के पूरी तरह अनुकूल बनाई गई है।
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समावेशी शहरी विकास: तेजी से हो रहे नगरीकरण, औद्योगिक फैलाव, रोजगार के नए अवसरों और गांवों से शहरों की ओर बढ़ते पलायन (प्रवास) के कारण शहरों में सस्ते मकानों की मांग काफी बढ़ी है। यह नीति समाज के हर वर्ग को ध्यान में रखते हुए शहरी विकास को अधिक समावेशी (Inclusive) बनाएगी।
सरकार का मानना है कि नीति को अंतिम रूप मिलने के बाद मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों में बेघर और जरूरतमंद परिवारों को आसान व किफायती दरों पर गुणवत्तापूर्ण आवास उपलब्ध हो सकेंगे।मध्य प्रदेश में जल्द लागू होगी ‘शहरी किफायती आवास एवं पर्यावास नीति’, आमजन और विशेषज्ञों से मांगे गए सुझाव

