आरक्षक से लेकर DSP तक की ट्रेनिंग का बदलेगा तरीका, मध्य प्रदेश समेत पूरे देश में लागू होगा एक समान पाठ्यक्र

police womens

आरक्षक से लेकर DSP तक की ट्रेनिंग का बदलेगा तरीका, मध्य प्रदेश समेत पूरे देश में लागू होगा एक समान पाठ्यक्र

भोपाल: पुलिसकर्मियों और अधिकारियों को अब VVIP सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण (Crowd Management) का हुनर सिर्फ किताबों तक सीमित नहीं रहेगा। अब ट्रेनिंग के दौरान ही उन्हें जमीनी स्तर (ग्राउंड) पर ले जाकर व्यावहारिक बारीकियों और चुनौतियों से रूबरू कराया जाएगा। केंद्रीय गृह मंत्रालय के ब्यूरो ऑफ पुलिस रिसर्च एंड डेवलपमेंट (BPR&D) ने देश भर की पुलिस व्यवस्था के लिए एक नया ‘आदर्श प्रशिक्षण मॉड्यूल’ (Model Training Module) तैयार किया है।

नए ट्रेनिंग मॉड्यूल की मुख्य विशेषताएं

पूरे देश के सभी राज्यों की पुलिस का ट्रेनिंग सिलेबस अब एक समान होगा, ताकि सुरक्षा की उभरती चुनौतियों से निपटने में एकरूपता बनी रहे नए सिलेबस में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), साइबर सुरक्षा और पुलिसकर्मियों के मानसिक स्वास्थ्य (Mental Health) पर विशेष फोकस किया गया है। आरक्षक (कॉन्स्टेबल) से लेकर डीएसपी (DSP) स्तर के अधिकारियों के जनता के प्रति व्यवहार और आचरण को बेहतर बनाने के लिए विशेष पाठ शामिल किए गए हैं।सेमेस्टर परीक्षाओं के अलावा अब स्कूलों की तर्ज पर नियमित अंतराल पर टेस्ट भी लिए जाएंगे। आरक्षक से लेकर DSP तक की ट्रेनिंग का बदलेगा तरीका, मध्य प्रदेश समेत पूरे देश में लागू होगा एक समान पाठ्यक्र

मध्य प्रदेश में तैयारी शुरू

मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय की प्रशिक्षण शाखा ने इस मॉडल सिलेबस को लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। स्पेशल डीजी (ट्रेनिंग) रवि गुप्ता के अनुसार, राज्य में पहले से लागू पाठ्यक्रम में BPR&D के नए विषयों को शामिल कर संशोधित सिलेबस तैयार किया जा रहा है।

इस नई पहल से पुलिस जवानों को व्यावहारिक कठिनाइयों को समझने और आधुनिक अपराधों से निपटने में मदद मिलेगी।