रतलाम-इंदौर फोरलेन हादसा: बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष सिंह और ससुर की मौत, ड्राइवर को झपकी आने से डिवाइडर से टकराई कार
रतलाम-इंदौर फोरलेन हादसा: बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष सिंह और ससुर की मौत, ड्राइवर को झपकी आने से डिवाइडर से टकराई कार
रतलाम-इंदौर फोरलेन हादसा: बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष सिंह और ससुर की मौत, ड्राइवर को झपकी आने से डिवाइडर से टकराई कार
रतलाम: रतलाम-इंदौर फोरलेन पर रविवार-सोमवार की दरमियानी रात एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। भोपाल से अपने परिवार के साथ रतलाम लौट रहे शासकीय बाल चिकित्सालय के वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष सिंह की इस भीषण हादसे में मौत हो गई [cite: भोपाल से परिवार के साथ रतलाम लौट रहे शासकीय बाल चिकित्सालय के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष सिंह की रविवार देर रात रतलाम-इंदौर फोरलेन पर हुए भीषण सड़क हादसे में मौत हो गई।]. वहीं, हादसे में गंभीर रूप से घायल उनके 80 वर्षीय ससुर ने भी सोमवार सुबह इलाज के दौरान दम तोड़ दिया.
कार में सवार परिवार के पांच अन्य सदस्य गंभीर रूप से घायल हैं, जिन्हें इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पुलिस की प्रारंभिक जांच के मुताबिक, ड्राइवर को नींद की झपकी आने की वजह से यह हादसा हुआ.
देर रात 3.30 बजे पुलिया के डिवाइडर से टकराई कार
बिलपांक थाना पुलिस के अनुसार, यह हादसा रविवार देर रात करीब 3.30 बजे धराड़ के आगे टोल प्लाजा से ठीक पहले हुआ. भोपाल से रतलाम आ रही एमजी हेक्टर कार (एमपी-04-सीजेड-5519) को ड्राइवर अजय गुप्ता चला रहे थे [cite: एमजी हेक्टर कार (एमपी-04-सीजेड-5519), जिसे अजय गुप्ता चला रहे थे, अचानक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई।]. रफ्तार तेज होने और ड्राइवर की आंख लगने के कारण वाहन अचानक अनियंत्रित होकर एक छोटी पुलिया के डिवाइडर से जा टकराया [cite: पुलिस की प्रारंभिक जांच में ड्राइवर को नींद की झपकी आने के कारण हादसा होना सामने आया है।, पुलिस के अनुसार हादसा रविवार रात करीब 3.30 बजे धराड़ के आगे टोल प्लाजा से पहले एक छोटी पुलिया के डिवाइडर पर हुआ।, एमजी हेक्टर कार (एमपी-04-सीजेड-5519), जिसे अजय गुप्ता चला रहे थे, अचानक अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई।]. टक्कर इतनी भयानक थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया और सवार लोग अंदर ही फंस गए.
स्थानीय लोगों और पुलिस ने घायलों को निकाला बाहर
घटना की सूचना मिलते ही टोल प्लाजा की एंबुलेंस और बिलपांक थाने की पुलिस टीम मौके पर पहुंची. सहायक उपनिरीक्षक समसु अग्रवाल और उनकी टीम ने स्थानीय ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद कार में फंसे घायलों को बाहर निकाला और तुरंत शासकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल भिजवाया. रतलाम-इंदौर फोरलेन हादसा: बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष सिंह और ससुर की मौत, ड्राइवर को झपकी आने से डिवाइडर से टकराई कार
अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने डॉ. मनीष सिंह को मृत घोषित कर दिया. वहीं उनके ससुर शिवनारायण राजौरिया (80 वर्ष) ने सोमवार सुबह उपचार के दौरान दम तोड़ दिया.
कार में सवार थे ये लोग
हादसे के वक्त कार में डॉ. मनीष सिंह के साथ उनकी पत्नी स्टेफनी गुप्ता, दो बेटियां रैना और सयाना (7 वर्ष), ड्राइवर अजय गुप्ता, उनकी पत्नी लवलीना गुप्ता तथा ससुर शिवनारायण राजौरिया सवार थे [cite: कार में डॉ. मनीष सिंह के साथ उनकी पत्नी स्टेफनी गुप्ता, दो बेटियां रैना और सयाना (7), ड्राइवर अजय गुप्ता, उनकी पत्नी लवलीना गुप्ता तथा शिवनारायण राजौरिया सवार थे।]. ये सभी लोग भोपाल से वापस रतलाम लौट रहे थे.
एनएचएम में डिप्टी डायरेक्टर और प्रभारी सीएमएचओ रह चुके थे डॉ. सिंह
मूल रूप से ग्वालियर के रहने वाले डॉ. मनीष सिंह की गिनती एक बेहद काबिल डॉक्टर के रूप में होती थी. रतलाम में करीब एक वर्ष पहले उनकी पदस्थापना हुई थी. इससे पहले वे भोपाल में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) में डिप्टी डायरेक्टर के महत्वपूर्ण पद पर कार्यरत थे.
अभी हाल ही में जून के महीने में तत्कालीन सीएमएचओ डॉ. संध्या बेलसेरे के अवकाश पर रहने के दौरान उन्होंने एक महीने से अधिक समय तक जिले के प्रभारी सीएमएचओ का दायित्व भी पूरी निष्ठा के साथ संभाला था. उनके निधन से रतलाम और भोपाल के चिकित्सा जगत में शोक की लहर दौड़ गई है।
थाना प्रभारी का बयान: बिलपांक थाना प्रभारी अयुब खान ने बताया कि शुरुआती तफ्तीश में हादसे की वजह ड्राइवर को नींद की झपकी आना सामने आई है. पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया है और दुर्घटना के अन्य सभी तकनीकी व व्यावहारिक पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है.








