PPF Scheme: बिना किसी जोखिम के बनेगा 32.55 लाख का बड़ा फंड, जानिए 7.1% ब्याज पर हर महीने कितना करना होगा निवेश
बिजनेस डेस्क (यश भारत): सुरक्षित और गारंटीड रिटर्न पाने के लिए पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF) एक लोकप्रिय बचत विकल्प है। केंद्र सरकार द्वारा संचालित इस योजना में न केवल निवेश सुरक्षित रहता है, बल्कि यह ट्रिपल ई (EEE – Exempt, Exempt, Exempt) कैटेगरी के तहत टैक्स फ्री रिटर्न भी प्रदान करती है।
PPF में 15 साल के निवेश पर रिटर्न का हिसाब (7.1% वार्षिक ब्याज पर)
वर्तमान में जुलाई-सितंबर 2026 तिमाही के लिए PPF पर 7.1% वार्षिक ब्याज तय है। 15 साल की मैच्योरिटी अवधि के हिसाब से निवेश और रिटर्न का विवरण:
| मासिक निवेश (Monthly Deposit) | 15 साल में कुल जमा राशि | कुल अनुमानित ब्याज (7.1%) | मैच्योरिटी पर कुल फंड (Corpus) |
| ₹1,000 / महीना | ₹1,80,000 | ₹1,45,000 | ₹3,25,000 |
| ₹5,000 / महीना | ₹9,00,000 | ₹7,27,000 | ₹16,27,000 |
| ₹10,000 / महीना | ₹18,00,000 | ₹14,55,000 | ₹32,55,000 |
पीपीएफ अकाउंट की मुख्य शर्तें एवं नियम
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निवेश की सीमा: एक वित्तीय वर्ष में न्यूनतम ₹500 से लेकर अधिकतम ₹1.5 लाख तक जमा किए जा सकते हैं।
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जमा करने का नियम: साल भर में अधिकतम 12 बार या एकमुश्त पैसा जमा कर सकते हैं।
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मैच्योरिटी और एक्सटेंशन: खाता 15 साल में मैच्योर होता है। इसके बाद इसे 5-5 साल के ब्लॉक में बिना किसी सीमा के आगे बढ़ाया जा सकता है।
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टैक्स लाभ (Section 80C): आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत ₹1.5 लाख तक की टैक्स छूट, मिलने वाला ब्याज और मैच्योरिटी राशि तीनों पूरी तरह टैक्स-फ्री हैं।
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ऋण व आंशिक निकासी: आवश्यकता पड़ने पर खाते पर लोन लेने और नियमों के अनुसार आंशिक निकासी (Partial Withdrawal) की सुविधा भी उपलब्ध है।
(नोट: सरकार हर तिमाही ब्याज दरों की समीक्षा करती है, इसलिए 15 साल की अवधि के दौरान दरों में बदलाव संभव है।)








