उत्तराखंड में कुदरत का कहर: मसूरी-देहरादून का वैकल्पिक ‘किमाड़ी मार्ग’ मलबे से ठप, पहाड़ी से गिर रहे बड़े पत्थर
उत्तराखंड में कुदरत का कहर: मसूरी-देहरादून का वैकल्पिक 'किमाड़ी मार्ग' मलबे से ठप, पहाड़ी से गिर रहे बड़े पत्थर
उत्तराखंड में कुदरत का कहर: मसूरी-देहरादून का वैकल्पिक ‘किमाड़ी मार्ग’ मलबे से ठप, पहाड़ी से गिर रहे बड़े पत्थर
देहरादून/मसूरी: उत्तराखंड में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। भारी बारिश के चलते मसूरी-देहरादून के वैकल्पिक किमाड़ी मार्ग पर पहाड़ियों से भारी मात्रा में मलबा और बड़े-बड़े पत्थर (Landslide) गिर गए हैं, जिससे इस मार्ग पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया है।
मुख्य मार्ग पहले से ही बारिश के कारण प्रभावित था, और अब इस वैकल्पिक रास्ते के बंद हो जाने से स्थानीय निवासियों और पर्यटकों की मुसीबतें काफी बढ़ गई हैं। उत्तराखंड में कुदरत का कहर: मसूरी-देहरादून का वैकल्पिक ‘किमाड़ी मार्ग’ मलबे से ठप, पहाड़ी से गिर रहे बड़े पत्थर
24 घंटे से अधिक लग सकता है समय, PWD अलर्ट पर
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खतरे के बीच राहत कार्य: सूचना मिलते ही लोक निर्माण विभाग (PWD) की टीम जेसीबी (JCB) मशीनों के साथ मौके पर पहुँच चुकी है। हालांकि, पहाड़ी से लगातार पत्थर गिरने के कारण काम शुरू करना कर्मचारियों के लिए जोखिम भरा साबित हो रहा है।
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24 घंटे का अनुमान: स्थानीय निवासी अनिल के अनुसार, यदि मलबा गिरना इसी तरह जारी रहा, तो सड़क को दोबारा साफ करने और यातायात बहाल करने में कम से कम 24 घंटे या उससे अधिक का समय लग सकता है।
प्रशासन की चेतावनी: ‘अनावश्यक यात्रा से बचें’
हाल ही में मसूरी-देहरादून के मुख्य मार्ग को मरम्मत के बाद छोटे-बड़े वाहनों के लिए खोला गया था। लेकिन किमाड़ी मार्ग के अचानक बंद होने से संपर्क कटने की आशंका बढ़ गई है।
सुरक्षा के मद्देनज़र स्थानीय प्रशासन ने लोगों और पर्यटकों से अपील की है कि जब तक मौसम सामान्य न हो, तब तक इस मार्ग पर अनावश्यक यात्रा करने से बचें और केवल सरकारी एडवाइजरी का पालन करें।








