नासिक TCS धर्मांतरण केस: सादे कपड़ों में 20 पुलिसकर्मी और 4 दिन का इंतज़ार; ऐसे धरी गई मास्टरमाइंड निदा खान। नासिक के चर्चित TCS कथित धर्मांतरण मामले की मुख्य आरोपी निदा खान का भागने का सिलसिला अब थम गया है। नासिक पुलिस ने एक बेहद गोपनीय और फिल्मी स्टाइल के ‘सीक्रेट ऑपरेशन’ को अंजाम देते हुए निदा को छत्रपति संभाजीनगर के नरेगांव स्थित एक फ्लैट से गिरफ्तार कर लिया है।
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नासिक TCS धर्मांतरण केस: सादे कपड़ों में 20 पुलिसकर्मी और 4 दिन का इंतज़ार; ऐसे धरी गई मास्टरमाइंड निदा खान
पुलिस का ‘आम आदमी’ अवतार: 4 दिन तक बिछाया जाल
पुलिस ने इस ऑपरेशन को इतना गुप्त रखा कि स्थानीय लोगों को भी कानो-कान खबर नहीं हुई। 20 से ज्यादा पुलिसकर्मियों ने इलाके की घेराबंदी की, लेकिन कोई भी वर्दी में नहीं था। पुलिस अधिकारियों ने सरकारी गाड़ियों की जगह प्राइवेट वाहनों का इस्तेमाल किया और सादे कपड़ों में आम नागरिकों की तरह 3-4 दिनों तक कैसर कॉलोनी की निगरानी की।
तकनीकी जाल में फंसी निदा
निदा खान अपनी लोकेशन लगातार बदल रही थी। पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण, मोबाइल लोकेशन ट्रैकिंग और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के जरिए उसकी सटीक लोकेशन ट्रैक की। वह अपने परिवार (माता-पिता, भाई और मौसी) के साथ किराए के फ्लैट में छिपी थी और हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दाखिल करने की फिराक में थी। पुलिस ने कानूनी राहत मिलने से ठीक पहले उसे दबोच लिया।
क्या है नासिक का TCS धर्मांतरण केस?
- धार्मिक प्रभाव: निदा खान 2021 से TCS में प्रोसेस एसोसिएट थी। आरोप है कि वह कंपनी के कर्मचारियों को इस्लामिक वीडियो, किताबें और धार्मिक सामग्री भेजकर धर्मांतरण के लिए उकसाती थी।
- सस्पेंशन: मामला सामने आने के बाद पिछले महीने कंपनी ने उसे सस्पेंड कर दिया था।
- प्रेग्नेंसी का दावा: गिरफ्तारी से बचने के लिए निदा ने कोर्ट में खुद के गर्भवती होने का दावा कर राहत मांगी थी, जिसे अदालत ने खारिज कर दिया।
- अब तक की गिरफ्तारियां: इस बड़े सिंडिकेट में अब तक कुल 8 आरोपी सलाखों के पीछे पहुंच चुके हैं।

