यूपी में दौड़ेगी ‘नमो भारत’: कानपुर, लखनऊ से अयोध्या तक 187 KM लंबे रैपिड रेल कॉरिडोर का सर्वे शुरू; 40 मिनट में तय होगा कानपुर-लखनऊ का सफर
UP Namo Bharat Rapid Rail: यूपी में 187 KM लंबे नमो भारत कॉरिडोर का सर्वे शुरू; कानपुर-लखनऊ 40 मिनट और अयोध्या 90 मिनट में

यूपी में दौड़ेगी ‘नमो भारत’: कानपुर, लखनऊ से अयोध्या तक 187 KM लंबे रैपिड रेल कॉरिडोर का सर्वे शुरू; 40 मिनट में तय होगा कानपुर-लखनऊ का सफर
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में क्षेत्रीय परिवहन व्यवस्था (Regional Transit System) को अत्यधिक आधुनिक, सुगम और हाई-स्पीड बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। दिल्ली-एनसीआर के तर्ज पर अब यूपी के प्रमुख शहरों-कानपुर, उन्नाव, लखनऊ, बाराबंकी और अयोध्या को आपस में जोड़ने के लिए ‘नमो भारत’ (रैपिड रेल) कॉरिडोर की महत्वाकांक्षी योजना पर काम शुरू हो चुका है।
प्रस्तावित 187 किलोमीटर लंबे इस विशाल कॉरिडोर के निर्माण के लिए प्राथमिक सर्वे का कार्य आधिकारिक तौर पर प्रारंभ कर दिया गया है।
कानपुर से लखनऊ सिर्फ 40 मिनट, अयोध्या 90 मिनट दूर!
इस परियोजना के धरातल पर उतरने के बाद प्रदेश के लाखों दैनिक यात्रियों को समय और सुविधा के मामले में बहुत बड़ी राहत मिलने वाली है:
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कानपुर से लखनऊ: वर्तमान में सड़क और रेल मार्ग से लगने वाले समय में भारी कटौती होगी और यह दूरी मात्र 40 मिनट में पूरी की जा सकेगी।
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कानपुर से अयोध्या: धार्मिक और व्यापारिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण इस मार्ग पर यात्रा का समय घटकर मात्र 90 मिनट (डेढ़ घंटा) रह जाएगा।
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दैनिक यात्रियों को लाभ: इस हाई-स्पीड कॉरिडोर से रोज़ाना नौकरी, व्यापार और पढ़ाई के सिलसिले में आवागमन करने वाले हजारों यात्रियों का कीमती समय बचेगा और अंतर-शहरी कनेक्टिविटी में एक क्रांतिकारी बदलाव आएगा।
दिल्ली-एनसीआर की तर्ज पर विकास मॉडल
दिल्ली से मेरठ के बीच सफलतापूर्वक संचालित हो रही नमो भारत (RRTS) की तर्ज पर उत्तर प्रदेश का यह पहला बड़ा क्षेत्रीय रैपिड रेल नेटवर्क होगा। 187 किमी लंबे इस रूट में औद्योगिक शहर कानपुर, प्रांतीय राजधानी लखनऊ और धार्मिक केंद्र अयोध्या आपस में तेज़ गति से जुड़ जाएंगे, जिससे क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी नई गति मिलेगी।








