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MP से रेड जोन खत्म, 15 जून तक लॉकडाउन बढ़ा, ट्वीट कर बोले कमलनाथ; शराब की दुकानें खोलीं तो धार्मिक स्थल भी खोलो

06 12 2019 telangana police 19819947 8839985 m

भोपाल. मध्यप्रदेश में लॉकडाउन 15 जून तक जारी रहेगा। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को इसका ऐलान किया। उन्होंने बताया कि प्रदेश में स्कूल-कॉलेज खुलेंगे, लेकिन इस पर आखिरी फैसला 13 जून के बाद ही लिया जाएगा। कोरोना के खतरे के मद्देनजर लॉकडाउन 15 दिन के लिए बढ़ाया जा रहा है।

खेल गतिविधियां 1 जून से शुरू होंगी

राज्य में भोपाल, इंदौर, उज्जैन, बुरहानपुर, खरगोन, खंडवा और बड़वानी को छोड़कर बाकी सभी जिले ग्रीन जोन में हैं और सभी जगह शर्तों के साथ बाजार खोल दिए गए हैं। प्रदेश में खेल गतिविधियां भी 1 जून से शुरू हो रही हैं। उधर, राज्य में सागर जिला नया हॉट स्पॉट बन गया है। यहां शुक्रवार को 24 नए केस मिले हैं। इनमें 16 सदर, 4 मढ़िया विट्ठल नगर के अलावा मकरोनिया, मोतीनगर, सिविल लाइन और सूबेदार वार्ड में एक-एक पॉजिटिव मिले। इसके साथ शहर में अब तक 165 लोग संक्रमित हो चुके हैं। इनमें सबसे ज्यादा 92 सदर से हैं। वहीं, शुक्रवार को एक व्यक्ति की मौत हो गई। कोरोना से जिले में अब तक 8 मौतें हो चुकी हैं।

कमलनाथ का ट्वीट: शराब की दुकानें खोलीं तो धार्मिक स्थल भी खोलो
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने प्रदेश सरकार से 1 जून से सभी धार्मिक स्थल खोलने की मांग की है। कमलनाथ ने ट्वीट कर कहा है कि मध्यप्रदेश सरकार भी कर्नाटक और पश्चिम बंगाल की तरह 1 जून से प्रदेश में सभी धर्मों के धार्मिक स्थल खोलने का निर्णय ले। आवश्यक मापदंडों का पालन कराकर यह निर्णय लें। लॉकडाउन में भी शराब की दुकानें खोली जा सकती हैं तो आमजन की आस्था के केन्द्र धार्मिक स्थल अभी तक बंद क्यों?

मप्र और रियायत मांगेगा, सुझाव पर बैठक आज
लॉकडाउन 5.0 को लेकर राज्य सरकार शनिवार को बैठक करने जा रही है। इसके बाद केंद्र सरकार को सुझाव भेजा जाएगा। कोविड-19 को लेकर केंद्र सरकार ने सभी राज्यों से लॉकडाउन 5.0 को लेकर सुझाव मांगे हैं। लॉकडाउन 4.0 में मध्य प्रदेश ने ऑरेंज जोन खत्म कर दिया था। सिर्फ रेड जोन और ग्रीन जोन ही रखे थे। रेड जोन में इंदौर और उज्जैन का पूरा जिला है, जबकि भोपाल समेत 9 नगरीय निकाय रेड जोन में रखे गए थे। मंत्रालय सूत्रों का कहना है कि लॉकडाउन 5.0 में राज्य और रियायत मांग सकते हैं। हालांकि मप्र के तकरीबन सभी जिलों में पॉजिटिव केस मिले हैं। विशेषज्ञों की राय है कि जून-जुलाई में कोरोना के केस और बढ़ेंगे, इसलिए इस बिंदु को ध्यान में रखते हुए मप्र अपने सुझाव केंद्र सरकार को भेजेगा।

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