MP में पदोन्नति में आरक्षण, अब 16 अगस्त को SC में सुनवाई
भोपाल। सुप्रीम कोर्ट ने पदोन्नति में आरक्षण मामले की सुनवाई करीब साढ़े आठ माह बाद शुक्रवार से फिर शुरू कर दी। मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अध्यक्षता में गठित संविधान पीठ ने करीब डेढ़ घंटे मामले को सुना। पीठ ने पहले सरकार का पक्ष सुना और फिर करीब 20 मिनट सपाक्स के वकीलों ने दलीलें सुनीं। मामले में अब 16 अगस्त को सुनवाई होगी।
सपाक्स पदाधिकारियों के मुताबिक संविधान पीठ ने दोपहर दो बजे मामले की सुनवाई शुरू की। इस दौरान राज्य सरकार के वकीलों ने अनुसूचित जाति, जनजाति के मामले में पिछड़ेपन की शर्त पर आपत्ति जताते हुए एम. नागराज मामले में आए फैसले को पलटने की मांग की। इसके बाद पीठ ने सपाक्स के वकीलों की दलीलें सुनना शुरू किया। इसके बाद पीठ ने कहा कि 16 अगस्त को यह मामला पूरे दिन सुना जाएगा।
उल्लेखनीय है कि नवंबर 2017 में सुप्रीम कोर्ट की तीन सदस्यीय पीठ ने यह मामला संविधान पीठ को स्थानांतरित कर दिया था। इसके बाद से कर्मचारी मायूस हैं। संविधान पीठ मप्र के अलावा बिहार, त्रिपुरा सहित अन्य राज्यों के 42 मामलों की सुनवाई एक साथ कर रही है। प्रदेश के अधिकारियों और कर्मचारियों को शुक्रवार को भी कोर्ट का फैसला आने की उम्मीद थी। इसी उम्मीद में कर्मचारी दिनभर विभिन्न् माध्यमों से कोर्ट में चल रही सुनवाई का पता लगाते रहे।