मप्र में ‘श्रम प्रहरी’ पहल की शुरुआत: अब नागरिक दे सकेंगे बिना रजिस्ट्रेशन चल रहे कारखानों की जानकारी
मप्र में ‘श्रम प्रहरी’ पहल की शुरुआत: अब नागरिक दे सकेंगे बिना रजिस्ट्रेशन चल रहे कारखानों की जानकारी
कटनी: मध्यप्रदेश के श्रम विभाग ने मजदूरों की सुरक्षा और उनके अधिकारों की रक्षा के उद्देश्य से एक नई योजना ‘श्रम प्रहरी’ की शुरुआत की है। इस व्यवस्था के तहत आम नागरिक अपने आसपास बिना रजिस्ट्रेशन के चल रही फैक्ट्रियों, दुकानों, व्यावसायिक संस्थानों या निर्माण कार्यों की जानकारी श्रम विभाग को दे सकेंगे।
खबर से जुड़ी मुख्य बातें:
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सामाजिक जिम्मेदारी: जिला श्रम पदाधिकारी के.बी. मिश्रा ने बताया कि ‘श्रम प्रहरी’ कोई पद या नौकरी नहीं है, बल्कि यह आम नागरिकों की एक सामाजिक जिम्मेदारी है ताकि अवैध रूप से बिना सुरक्षा मानकों के चल रहे संस्थानों पर लगाम कसी जा सके।
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शिकायत/सूचना दर्ज करने का तरीका:
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श्रम विभाग के ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर अपंजीकृत कारखानों की जानकारी दर्ज की जा सकती है।
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इसके अलावा टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1800-233-8888 पर कॉल करके भी सूचना दी जा सकती है।
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श्रमिकों को मिलेगा सीधा फायदा: इस व्यवस्था से गैर-पंजीकृत संस्थानों का पता लगाकर वहां काम करने वाले श्रमिकों को श्रम कानूनों के तहत सुरक्षा, उचित मजदूरी और सरकारी योजनाओं का लाभ दिलवाने में मदद मिलेगी।
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विभाग की अपील: श्रम विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे इस अभियान में सतर्क नागरिक की भूमिका निभाएं और अपने आसपास की संदिग्ध या अपंजीकृत औद्योगिक गतिविधियों की रिपोर्ट करें।
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